पीलीभीत। कोलकाता के आरजी कर अस्पताल में ट्रेनी डॉक्टर से दुष्कर्म और उसके बाद हत्या का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। पीलीभीत में भी राष्ट्रीय चिकित्सा संघ (आईएमए) के पदाधिकारियों ने शनिवार को एक दिवसीय हड़ताल पर रहने का फैसला किया है। ऐसे में मरीजों को चिकित्सालयों में सिर्फ आपात स्थिति में ही सेवाएं मिल पाएंगी।
बृहस्पतिवार को आईएमए ने देशव्यापी हड़ताल की घोषणा की थी। इसके बाद शुक्रवार को पीलीभीत में भी आईएमए की अध्यक्ष डॉ. रश्मि चौधरी ने हड़ताल को समर्थन देने की घोषणा की है। उन्होंने कहा कि 17 अगस्त को आईएमए सदस्य हड़ताल पर रहेंगे। कहा कि अस्पतालों को सेफ जोन घोषित करने के साथ ही सरकार को सेंट्रल प्रोटेक्शन एक्ट लागू करना चाहिए।
डॉक्टरों में इस घटना से दहशत बनी हुई है, ऐसे में चिकित्सक कैसे कार्य कर पाएंगे। कहा कि हड़ताल के दौरान आपात स्थिति में ही सेवा प्रदान की जाएगी। हड़ताल सुबह छह बजे से 18 अगस्त की सुबह छह बजे तक चलेगी। निजी चिकित्सालयों में चिकित्सा सेवाएं नहीं मिलेंगी। कहा कि अगर सरकार एक्ट लागू करने की मांग पूरी नहीं करती है तो हड़ताल आगे भी जारी रखने पर विचार किया जाएगा।