पीलीभीत। जलनिकासी की समस्या के समाधान के लिए मार्च 2024 में शुरू हुआ कई नालों का निर्माण अब तक अधूरा है। इन नालों को बनाने की अवधि चार माह थी। एक वर्ष बीतने को है, काम अब तक अधूरा है। निर्माण में लेटलतीफी दुकानदार और राहगीरों पर भारी पड़ रही है। दुकान के सामने खुदा नाला और मलबा व्यापार पर असर डाल रहा है। हाल यह है कि नगर पालिका प्रशासन की ओर से नोटिस जारी करने के बाद भी कार्य की रफ्तार नहीं बढ़ सकी है।
निर्माण अधूरा, मानकों को भी किया दरकिनार
सुनगढ़ी क्षेत्र:
सुनगढ़ी क्षेत्र में पप्पू बैटरी से निर्मल एजेंसी तक आरसीसी नाला निर्माण के लिए मार्च 2024 में मंजूरी मिली थी। चार माह में कार्य पूरा करने की समयसीमा तय की गई। कार्यदायी संस्था की ओर से कार्य शुरू तो कराया गया, लेकिन एक साल बीतने के बाद भी पूरा नहीं हो सका। कार्य में मानकों की अनदेखी भी की गई। नाला क्षेत्र में पुलिया बनाने में भी खेल किया गया। पूर्व में नगर पालिका के प्रभारी ईओ की ओर से कार्यदायी संस्था पर सख्ती बरती गई और सुधार के निर्देश भी दिए गए। इसके बाद भी काम में तेजी नहीं आई।
प्रमुख नाले के निर्माण भी लापरवाही हावी
डिग्री कॉलेज चौराहा:
शहर के प्रमुख नालों में शामिल डिग्री कॉलेज चौराहे से नौगवां चौराहा तक आरसीसी नाले के निर्माण को मंजूरी मिलने के बाद कार्यदायी संस्था की ओर से 23 मार्च 2024 को निर्माण शुरू किया गया। इस कार्य को भी चार माह में पूरा करने के निर्देश थे, लेकिन एक साल बीतने को है। काम अब तक चल रहा है। मानकों की अनदेखी भी सामने आई है। नाला क्षेत्र में पुरानी पुलिया को तोड़कर इंटर कनेक्शन नहीं किया गया। साथ ही ट्रांसफार्मर के पास नाले की चौड़ाई भी कम करने की बात कही जा रही है। तालाब क्षेत्र में मिट्टी का भराव भी पूरी तरह नहीं कराया गया। इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सख्ती के बाद भी नहीं हुआ सुधार, अव्यवस्थाओं से लोग परेशान
नौगवां चौराहा से गंदा नाला पुलिया तक आरसीसी नाले का निर्माण मार्च 2023 में शुरू कराया गया था। कार्यदायी संस्था ने शुरुआत में तो कार्य में तेजी दिखाई, लेकिन कुछ समय बाद स्थिति बदतर हो गई। यहां भी कार्य में मानकों को किनारे किया गया। सरिया बेतरतीब तरीके से लगाने की बात सामने आई। नाला अधूरा होने से जल निकासी के साथ राहगीरों अन्य परेशानियों का सामना भी करना पड़ रहा है। कुछ दिन पहले पालिका ईओ की ओर से नोटिस भी दिया जा चुका है।
छतरी चौराहा: दो माह का समय, बीत गया एक साल
छतरी चौराहा क्षेत्र में मौर्य मेडिकल से कल्लू नर्सरी तक नाला निर्माण के लिए फरवरी 2024 में मंजूरी मिली थी। कार्य को दो माह में पूरा करने का समय दिया गया था, लेकिन यहां भी एक साल बीतने के बाद भी नाला निर्माण अधूरा है। खुदा नाला राहगीरों के लिए मुश्किलों का सबब बना हुआ है। सख्ती के बाद भी कार्यदायी संस्था की ओर से गंभीरता नहीं बरती गई।
वर्जन
नाला निर्माण को लेकर गंभीरता बरती जा रही है। पूर्व में निरीक्षण कर स्थिति को परखा गया। लापरवाही मिलने पर कार्यदायी संस्था को नोटिस जारी कर होली के बाद एक सप्ताह के भीतर कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। - आशुतोष गुप्ता, प्रभारी ईओ/एसडीएम न्यायिक
शहर के नौगवा चौराहे से एकता सरोवर जाने वाले मार्ग पर निर्माणाधीन नाला।संवाद