गांव राहुल नगर के समीप शारदा नदी किनारे बंद बचाव कार्य। ग्रामीण
पूरनपुर। गांव राहुलनगर के समीप हो रहा बाढ़-कटान बचाव कार्य अब तक शुरू नहीं हो सका है। मानसून के इस बार जल्दी आने के कयास और बचाव कार्य बंद होने से ग्रामीणों की नींद उड़ गई है। लोगों में विभाग के खिलाफ रोष है। उनका कहना है कि अगर समय पर बचाव कार्य पूरा नहीं हुआ। तब इस बार गांव का बचना भी मुश्किल है।
शारदा नदी की बाढ़ और कटान से बचाव के लिए गांव राहुलनगर के समीप बाढ़ खंड की ओर से कटर और परकोपाइन बनाने का काम 12 मई से शुरू हुआ था। अफसरों ने काम जल्द पूरा करने का दावा किया था। मगर 10 दिन से काम बंद है।
इसकी वजह मैटेरियल न मिलना बताया जा रहा है। अब तक 17 कटर में मात्र दो कटर बने हैं। परकोपाइन का जाल तैयार करना भी शुरू नहीं किया गया है। मानसून नजदीक है। ऐसे में कब बचाव कार्य तेजी पकड़ेगा और कब पूरा होगा यह सोचकर लोग चिंतित हैं।
पिछले साल क्षेत्र को बाढ़ और कटान से बचाने को 18 लाख रुपये की लागत से नदी का चैनेलाइजेशन और गांव चंदिया हजारा के समीप डौला (तटबंध) बनाया गया था। मगर पहली बाढ़ में ही डौला कई स्थानों से क्षतिग्रस्त हो गया था। काम में लेटलतीफी और अफसरों की अनदेखी ग्रामीणों पर भारी पड़ सकती।
गांव राहुल नगर के समीप शारदा नदी किनारे बंद बचाव कार्य। ग्रामीण
गांव राहुल नगर के समीप शारदा नदी किनारे बंद बचाव कार्य। ग्रामीण
गांव राहुल नगर के समीप शारदा नदी किनारे बंद बचाव कार्य। ग्रामीण
गांव राहुल नगर के समीप शारदा नदी किनारे बंद बचाव कार्य। ग्रामीण