गांव खिरकिया बरगदिया के समीप मिला बाघ का पगचिन्ह्। ग्रामीण
पूरनपुर। खिरकिया बरगदिया ग्राम में बाघ की दहशत जारी है। रविवार को खेतों में बाघ की मौजूदगी देख किसानों ने शोर मचा दिया। इसपर बाघ गन्ने के खेतों में जा छिपा। गांव वालों की सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम गांव पहुंची, टीम को खेत में बाघ के पगचिह्न मिले। किसानों ने हरीपुर रेंजर से जंगल किनारे सड़क की ओर झाड़ियों को साफ कराने की मांग की है।
गांव खिरकिया बरगदिया निवासी लौंगश्री को 25 मई को बाघ ने हमला कर मार डाला था। तब से बाघ की निगरानी के लिए वन विभाग की टीम लगी हुई है। जंगल किनारे घटनास्थल के समीप कैमरे लगाए गए हैं। हालांकि दो दिन से बाघ नहीं दिखने के कारण वनकर्मी बाघ के जंगल चले जाने की बात कह रहे है।
रविवार को एक बाघ गांव खिरकिया बरगदिया के समीप खेतों में देखा गया। गांव के विवेक चौहान के खेत में घूम रहे बाघ को देखकर खेतों में काम कर रहे किसानों ने शोर मचाया। इस पर बाघ गन्ने के खेतों में जा छिपा। किसान विवेक चौहान ने हरीपुर रेंजर से मिलकर जंंगल समीप सड़क किनारे की झाड़ियों को साफ कराने की मांग की।
हरीपुर रेंजर सहीर खां ने बताया कि खेत जंगल के किनारे होने के कारण अक्सर बाघ और अन्य वन्य जीव खेतों में आ जाते है। टीम को मौके पर भेजा गया था, टीम को बाघ के पगचिह्न मिले हैं।