पीलीभीत। परिषदीय विद्यालयों से अक्सर अनुपस्थित रहने वाले शिक्षकों पर नकेल कसने की तैयारी है। एकीकृत पोर्टल एप प्रेरणा पर सेल्फी और फोटो से हाजिरी की प्रक्रिया पूरे प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में पांच सितंबर से लागू होनी है। यह और बात है कि शिक्षा मंत्री अनुपमा जायसवाल ने जुलाई में स्कूलों में मोबाइल फोन के ऑनलाइन मिलने पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। ऐसे मेें दो अलग-अलग आदेशों को लेकर शिक्षकों में असमंजस की स्थिति बनी हुई।
परिषदीय विद्यालयों में शैक्षिक गतिविधियों की मॉनिटरिंग करने, शिक्षकों के साथ ही बच्चों की उपस्थिति और अन्य योजनाओं, कार्यक्रमों के शत-प्रतिशत क्रियान्वयन के लिए शासन ने नकेल कसने की तैयारी की है। अब शिक्षकों पर प्रेरणा एप के माध्यम से नजर रखी जाएगी। बेसिक शिक्षा विभाग की योजनाओं की तमाम जानकारी भी एप के माध्यम से पहुंचाई जाएगी। इस एप के माध्यम से स्कूल पहुंचते ही शिक्षकों को अपना सेल्फी लेकर डाउनलोड करना होगा। समझा जा रहा है कि प्रदेश सरकार ने बेसिक शिक्षा को पटरी पर लाने और लापरवाह शिक्षकों पर नकेल कसने के लिए यह फैसला किया है। प्रत्येक शिक्षक को अपने स्मार्ट फोन में इस एप को डाउनलोड करना होगा।
छात्रों की उपस्थिति, एमडीएम का भी देना होगा हिसाब
शिक्षकों को अपनी उपस्थिति के बाद छात्रों की मौजूदगी भी अपलोड करनी होगी। मिड डे मील दिए जाने की भी प्रक्रिया को एप पर अपलोड किया जाएगा। स्कूल से जाने तक की भी सेल्फी डालनी होगी। ये सब दफ्तरों में बैठे अधिकारी एप को खोलकर जांच कर सकेंगे। जिला से लेकर शासन स्तर तक के अफसर इस पर नजर रखेंगे।
बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों की प्रत्येक गतिविधियों की ऑनलाइन मॉनिटरिंग करने के लिए शासन स्तर से प्रेरणा एप लांच किए जाने की जानकारी दी गई है। इससे निश्चित ही शैक्षिक गतिविधियों में पारदर्शिता आएगी। जल्द ही शासन स्तर पर इसकी ट्रेनिंग दी जाएगी।
- देवेंद्र स्वरूप, बीएसए