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Pilibhit News: सवारियों की जान जोखिम में डाल हाईवे पर दौड़ रहे ई-रिक्शे

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पूरनपुर हाइवे पर बोरियों से लदा अनाज ले जाता ई-रिक्शा चालक। संवाद
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पीलीभीत। शहर के अंदर सवारियां ढोने के लिए शुरू हुए ई-रिक्शों ने अब हाईवे का रुख कर लिया है। सवारियों की जान जोखिम में डालकर यह ई-रिक्शे असम चौराहे से पूरनपुर और बीसलपुर मार्ग पर 15 से 20 किलोमीटर तक बेधड़क चल रहे हैं। नियमों को ताक पर रखकर क्षमता से अधिक सवारियां बैठाई जा रही हैं और कई ई-रिक्शों को मालवाहक वाहन की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है। रविवार को हाईवे की पड़ताल में ऐसे कई नजारे सामने आए। कहीं अनाज की बोरियों से ई-रिक्शा लदा मिला तो कहीं जगह न होने पर बच्चे वाहन से लटककर सफर करते नजर आए। खास बात यह है कि जून में परिवहन विभाग के अभियान के बाद भी हाईवे पर ई-रिक्शों का यह खेल थमने का नाम नहीं ले रहा। संवाद
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पूरनपुर हाईवे पर ई-रिक्शा की खतरनाक दौड़
असम चौराहे से पूरनपुर मार्ग पर बिठौरा कलां और गजरौला तक ई-रिक्शों का संचालन धड़ल्ले से हो रहा है। करीब 15 किलोमीटर दूर बिठौरा तक 15 रुपये और गजरौला तक 20 रुपये प्रति सवारी किराया लिया जा रहा है। रविवार को भाजपा कार्यालय के पास एक ई-रिक्शा में क्षमता से अधिक सवारियां बैठाकर गजरौला की ओर जाते हुए मिला। तेज रफ्तार में ओवरलोड ई-रिक्शे का संचालन हादसे को न्योता देता नजर आया।

ई-रिक्शा बना मालवाहक, अनाज की बोरियां लादीं
मुनाफे के लिए ई-रिक्शों का इस्तेमाल अब सवारियों के साथ माल ढुलाई में भी किया जा रहा है। पूरनपुर मार्ग पर हनुमान राइस मिल के पास रविवार को एक ई-रिक्शा में अनाज की बोरियां लदी मिलीं। सामान इतना अधिक था कि वाहन की पूरी क्षमता खत्म हो गई थी। इसके बावजूद चालक हाईवे पर ई-रिक्शा दौड़ाता रहा।
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बीसलपुर मार्ग पर भी नहीं लग रहा ब्रेक
पूरनपुर मार्ग के बाद बीसलपुर हाईवे भी ई-रिक्शों की गिरफ्त में है। असम चौराहे से पौंटा, टिकरी और जंगरौली तक सवारियां पहुंचाई जा रही हैं। चालक 15 से 20 रुपये प्रति सवारी किराया वसूल रहे हैं। रविवार को रूपपुर कमालू के आसपास कई ई-रिक्शे ओवरलोड सवारियों के साथ हाईवे पर दौड़ते मिले।

जगह कम पड़ी तो वाहन से लटककर सफर
असम मार्ग के पास रविवार को एक ई-रिक्शे में क्षमता से अधिक सवारियां बैठी थीं। आगे और पीछे की सीटें भरने के बाद भी सवारियां बैठाई गईं। जगह कम पड़ने पर एक बच्चा चलते ई-रिक्शे को पकड़कर लटकता नजर आया। चालक तेज रफ्तार में वाहन दौड़ाता रहा। यह लापरवाही किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
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जून का अभियान भी नहीं रोक सका संचालन
हाईवे पर ई-रिक्शों के संचालन के खिलाफ परिवहन विभाग ने जून में अभियान चलाया था। हाइवे पर चेकिंग कर यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले 117 ई-रिक्शा चालकों के चालान किए गए, जबकि चार ई-रिक्शों को सीज कर दिया गया था। कार्रवाई के बाद कुछ समय तक स्थिति में सुधार दिखा, लेकिन अब फिर ई-रिक्शे हाईवे पर खुलेआम दौड़ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से चालकों के हौसले बढ़े हुए हैं।
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हाईवे पर ई-रिक्शा चलाना नियम विरुद्ध
ई-रिक्शों का संचालन निर्धारित क्षेत्र और लिंक मार्गों तक सीमित है। हाईवे पर सवारी ढोने की अनुमति नहीं है। पंजीकृत क्षमता से अधिक सवारियां बैठाना भी नियमों का उल्लंघन है। ऐसे मामलों में चालान के साथ वाहन सीज करने की कार्रवाई की जा सकती है।

यार्ड तैयार, अब होगी बड़ी कार्रवाई
जिन वाहनों पर कार्रवाई की जाएगी, उन्हें खड़ा करने के लिए यार्ड लगभग तैयार हो गया है। जल्द ही हाईवे पर नियम विरुद्ध संचालित वाहनों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। निश्चित रूप से बड़ी कार्रवाई की जाएगी।
- सुशील कुमार मिश्रा, एआरटीओ

पूरनपुर हाइवे पर बोरियों से लदा अनाज ले जाता ई-रिक्शा चालक। संवाद

पूरनपुर हाइवे पर बोरियों से लदा अनाज ले जाता ई-रिक्शा चालक। संवाद

पूरनपुर हाइवे पर बोरियों से लदा अनाज ले जाता ई-रिक्शा चालक। संवाद

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