बीसलपुर। ड्रग इंस्पेक्टर ने शुक्रवार को चार मेडिकल स्टोरों पर छापे मारे और दवाओं के नमूने लिए।
ड्रग
इंस्पेक्टर सुनील कुमार ने बाबा मेडिकल स्टोर, मुदित मेडिकल स्टोर, गर्ग
मेडिकल स्टोर और जय दुर्गे मेडिकल स्टोर पर छापे मारे। उन्होंने दुकानों के
अभिलेख देखे और स्टॉक रजिस्टर में दर्शाए गए स्टॉक से मौके पर मिले स्टॉक
का मिलान किया। कुछ दुकानों का अभिलेख अधूरा पाया गया, जिस पर उन्होंने
संबंधित दुकानदारों से नाराजगी जताई और अधूरे अभिलेख तत्काल पूरे करने के
निर्देश दिए। उन्होंने मेडिकल स्टोरों से कुछ दवाओं के नमूने भी लिए। ड्रग
इंस्पेक्टर ने बताया कि लिए गए नमूनों को जांच के लिए लखनऊ स्थित विभागीय
प्रयोगशाला भेजा जाएगा और जांच रिपोर्ट आने के बाद अग्रिम कार्रवाई की
जाएगी। ड्रग इंस्पेक्टर के इस छापामार अभियान से नगर के मेडिकल स्टोर
संचालकों में हड़कंप मचा रहा। अधिकांश मेडिकल स्टोर बंद भी हो गए थे।
मिशन इंद्रधनुष का तीसरा चरण आज से
पीलीभीत।
जिले में मिशन इंद्रधनुष का तीसरा चरण सात जून से शुरू हो रहा है। 14 जून
तक चलने वाले इस चरण में 12119 बच्चों व 5055 गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण
किया जाएगा।
जिले में गभर्वती महिलाओं व दो साल तक के बच्चों को सात
जानलेवा बीमारियों से बचाव को मिशन इंद्रधनुष योजना चलाई जा रही है। इसमें
पोलियो, टीबी, गलाघोंटू काली खांसी टिटनेस, हिपेटाइटिस बी व खसरे से बचाव
को टीकाकरण किया जा रहा है। इसके दो चरण पूरे हो चुके हैं। सीएमओ डॉ. ओम
चौहान ने बताया कि योजना का तीसरा चरण सात जून से 14 जून तक चलाया जाएगा।
सप्ताह भर तक चल ने वाले अभियान में 1323 सत्रों में 12119 बच्चों व 5055
गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण किया जाना है। इस बार सत्रों की संख्या बढ़ाई
गई ताकि अधिक से अधिक क्षेत्रों को कवर किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिले
में 202 एएनएम द्वारा टीकाकरण का कार्य किया जाएगा। अभियान की प्रतिदिन
समीक्षा की जाएगी। यदि कहीं कोई लापरवाही पाई गई तो संबंधित के खिलाफ सख्त
कार्रवाई की जाएगी।
आठ माह से नहीं हैं चेक स्ट्रिप
बीसलपुर। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में पिछले करीब आठ माह से डायबिटीज चेक करने वाली स्ट्रिप नहीं हैं, जिससे मरीजों में रोष है। सामुदायिक
स्वास्थ्य केंद्र में आठ माह पूर्व डायबिटीज चेक करने वाली स्ट्रिप खत्म
हो गई थीं और अभी तक उनकी उपलब्धता नहीं हो पाई है। स्ट्रिप न होने के कारण
स्वास्थ्य केंद्र में डायबिटीज के पीड़ित मरीजों की जांच नहीं हो पा रही
है। रोजाना तमाम मरीज डायबिटीज चेक कराने स्वास्थ्य केंद्र की पैथोलॉजी लैब
में जाते हैं और मायूस होकर लौट जाते हैं। इस बीच जागरुक लोगों ने विभागीय
उच्चाधिकारियों का ध्यान कई बार आकर्षित कराया, लेकिन अभी तक कोई सुनवाई
नहीं हुई है, जिससे मरीजों में विभाग के प्रति रोष है। इस बाबत स्वास्थ्य
केंद्र के प्रभारी अधीक्षक डॉ. ठाकुर दास ने बताया कि वह इस संबंध में
सीएमओ कार्यालय में पत्र भेज चुके हैं।