पीलीभीत। पीलीभीत शहर के अक्षत पांडेय जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज कानपुर में ऑर्थोपेडिक्स में एमएस कर रहे हैं। बात जुलाई 2019 की है। मेडिकल कॉलेज से जुड़े हैलट अस्पताल में एक मरीज को ऑर्थो और ईएनटी डॉक्टर की जरूरत थी। अक्षत उसे देखने पहुंचे तो ईएनटी डॉक्टर के रूप मेें शालिनी उसे देख रहीं थीं। मरीज को लेकर शालिनी त्रिपाठी से संवाद शुरू हुआ। इस दौरान नजदीकियां बढ़ने लगीं। तब वह पीजी में प्रथम वर्ष के स्टूडेंट थे।
डॉ. अक्षत बताते हैं कि पढ़ाई और अस्पताल के काम में पूरा दिन बीत जाता था। कभी रात10.30 के बाद ही खाली होते। इसके बाद लगता था कि साथ बैठें और बातें करें। तब तक आसपास के रेस्तरां और होटल बंद हो चुके होते थे। फिर बाइक स्टार्ट करते और शालिनी को साथ लेकर कभी काकादेव तो कभी स्वरूपनगर जाते। भोजन करते और दिल की बातें भी।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2020 और 2021 का वेलेंटाइन डे एक-दूसरे को गिफ्ट दे कर मनाया। प्यार को आगे बढ़ाने और साथ निभाने के वायदे किए। अब यह तीसरा वेलेंटाइन पति-पत्नी के रूप में मनाएंगे। अक्षत बताते हैं कि जब प्यार हुआ तो चार पांच महीने तक तो दोनों ने ही अपने परिवार को नहीं बताया था। जब लगा कि साथ निभा सकते है तो उन्होंने अपनी मां सपना आदित्य को बताया। मां ने पिता को बताया। डॉ. शालिनी ने भी अपनी मां विजया त्रिपाठी को बताया। फिर दोनों की मम्मियों ने बात को आगे बढ़ाया। दोनों परिवारों की पहली मुलाकात कानपुर में हुई। आपस में सहमति बनी और 12 दिसंबर 2021 को दोनों एक-दूजे के हो गए। अब दोनों फाइनल ईयर में हैं। पढ़ाई पूरी करने के बाद अपना निजी अस्पताल प्रारंभ करने की योजना पर काम कर रहे हैं।