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Pilibhit News: 13 हजार किसानों की फार्मर रजिस्ट्री पर संशय

Fri, 14 Nov 2025 11:36 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
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बीसलपुर। खतौनी और आधार में अलग-अलग नाम होने से ब्लॉक क्षेत्र के करीब 13 हजार किसानों की फार्मर रजिस्ट्री बनने में संशय है।
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कृषि विभाग के अभिलेखों के अनुसार ब्लॉक क्षेत्र में करीब 40 हजार किसान हैं। सभी की फार्मर रजिस्ट्री होनी है। अब तक करीब 65 प्रतिशत यानि 27 हजार किसानों की फार्मर रजिस्ट्री बन चुकी है। करीब 13 हजार किसान ऐसे हैं, इनके खतौनी और आधार कार्ड में नाम अलग-अलग है। इस वजह से इन किसानों की फार्मर रजिस्ट्री अब तक नहीं बन पाई है। किसान फार्मर रजिस्ट्री कराने के लिए कृषि विभाग कार्यालय और साइबर कैफे के चक्कर लगा रहे हैं। यदि इन किसानों की 31 मार्च तक फार्मर रजिस्ट्री नहीं बन पाई तो उन्हें कृषि विभाग से मिलने वाली सुविधाएं बंद हो जाएंगी।



यह होती है फार्मर रजिस्ट्री

किसानों की फार्मर रजिस्ट्री कृषि कार्यालय और साइबर कैफे पर बनती है। फार्मर रजिस्ट्री के लिए किसानों को आधार कार्ड और अपने खेतों की खतौनी लानी पड़ती है। फार्म रजिस्ट्री में किसानों का खेती संबंधी पूरा ब्योरा होता है।
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फार्मर रजिस्ट्री न होने से बंद हो सकती हैं यह सुविधाएं

फार्मर रजिस्ट्री न होने से किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, राजकीय कृषि बीज भंडारों से बीज, सहकारी समितियां से खाद और अन्य योजनाओं के लाभ से वंचित होना पड़ सकता है। समय समय पर होने वाली किसान पाठशाला में बैठने का मौका नहीं मिलेगा।



इन स्थानों के कई किसानों की नहीं बन सकी है फार्मर रजिस्ट्री

बीसलपुर नगर, अमृता खास, लाडपुर, रसिया खानपुर ,मीरपुर वाहनपुर, चुर्रा सकतपुर, अमरा करोड़, गजरौला, कासिमपुर, कितनपुर, सितारगंज नवदिया, नवदिया भगत, अहिरवाड़ा, दुबहा, गोवल, शाहबाजपुर, खांडेपुर ,सिमरा, साबेपुर, गांगूपुर।



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जिम्मेदार अधिकारियों को चाहिए कि शिविर लगाकर ऐसे किसानों की समस्या का समाधान किया जाए, जिससे उनकी फार्मर रजिस्ट्री बन सके। - कृष्ण बहादुर गंगवार, गांव लाडपुर



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संबंधित कर्मचारियों की गलती के कारण किसानों की खतौनी और आधार कार्ड में नाम की भिन्नता हुई है। इसमें किसानों की कोई गलती नहीं है, फिर भी खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। - धर्मपाल यादव, गांव गोवल
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वर्जन
ब्लॉक क्षेत्र के 65 फीसदी किसानों की फार्मर रजिस्ट्री हो गई है। खतौनी और आधार कार्ड में नाम अलग होने के कारण किसानों की फॉर्म रजिस्ट्री नहीं हो पा रही है। इन किसानों से अपने नाम सही करवाने को कह दिया गया है। - लालाराम, सहायक विकास अधिकारी (कृषि)
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