झारखंड से लौट रहे व्यापारियों को बेवजह रात भर थाने में बैठाने का आरोप
पीड़ित पक्ष ने एसपी से मुलाकात कर की कार्रवाई की मांग
झारखंड से सामान लेकर लौट रहे व्यापारियों को जीआरपी बरेली के स्टाफ ने बेवजह रात भर थाने में बैठाए रखा। इसके बाद नकदी और सामान छीनकर भगा दिया। इसका विरोध करने पर एनडीपीएस एक्ट के झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दे डाली। पीड़ित पक्ष ने बरेली जीआरपी पर गंभीर आरोप लगाते हुए एसपी से शिकायत की है।
जहानाबाद क्षेत्र के मोहल्ला जोशीटोला निवासी मोहित पुत्र रामप्रताप, अशोक, कमल पुत्रगण बाबू, किसनी (बीसलपुर) राजेश और सिविल (बदायूं) के मुकेश ने एसपी को दिए संयुक्त पत्र में बताया कि वह झारखंड से सामान लेकर लौट रहे थे। सभी लोग बृहस्पतिवार- शुक्रवार की रात बरेली रेलवे स्टेशन पर खड़े हुए थे। तभी वहां पहुंचे जीआरपी के पुलिसकर्मी बिना कारण बताए उन सभी को थाने ले गए और सभी व्यापारियों को रात एक बजे से लेकर सुबह सात बजे तक बेवजह थाने में बैठाए रखा। जबकि सभी के पास ट्रेन का टिकट भी था। विरोध करने पर जीआरपी पुलिस कर्मी एनडीपीएस एक्ट में जेल भेजने की धमकी देते रहे। इसके बाद साथ लाए गए सामान और 70 हजार रुपये नकदी से भरा बैग भी छीन लिया और इसके बाद शुक्रवार सुबह सात बजे सामान छीनकर भगा दिया। पीड़ितों ने वापस घर पहुंचने पर इसकी तहरीर जहानाबाद पुलिस को दी, लेकिन पुलिस ने बरेली क्षेत्र में घटना बताकर मामले को टाल दिया। इस पर पीड़ित पक्ष ने एसपी से मुलाकात कर जीआरपी बरेली के आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई कराने की मांग की है।