पिकअप से वध को ले जाए जा रहे प्रतिबंधित पशुओं की घेराबंदी पर आरोपियों ने पुलिस पार्टी पर कथित जानलेवा हमला कर फायरिंग की। इससे पुलिस टीम बाल-बाल बच गई। पुलिस ने पिकअप चालक रिछा के गौंटिया वार्ड चार निवासी मोहम्मद उमर को गिरफ्तार कर लिया, लेकिन उसके दो साथी पुलिस को चकमा देकर भागने में सफल हो गए। गिरफ्तार किए गए आरोपी से अवैध तमंचा और कारतूस बरामद करने का दावा पुलिस ने किया है। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
पुलिस ने बताया कि नेपाल से लखीमपुर होते हुए किच्छा और उत्तराखंड को पिकअप में भरकर वध के लिए प्रतिबंधित पशुओं को ले जाने की सूचना पर एसएसआई अमर सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने शेरपुरकलां के समीप घेराबंदी की। एसएसआई अमर सिंह ने बताया कि आरोपियों ने अपने को घिरा समझ पुलिस पार्टी पर जान लेवा हमला कर फायरिंग की। इससे पुलिस टीम बाल-बाल बच गई। मौके से रिछा के गौंटिया वार्ड चार के मोहम्मद उमर को गिरफ्तार कर लिया गया। उसके पास से अवैध तमंचा और एक जिंदा तथा एक चला हुआ कारतूस बरामद हुआ, जबकि मौका पाकर मोहम्मद उमर का साथी बरेली के थाना इज्जतनगर के परिक्षेत्र नगरिया निवासी छोटे और सलीम भागने में सफल हो गए। पिकअप से दस प्रतिबंधित पशु बरामद किए गए हैं। उन्होंने बताया कि आरोपियों के खिलाफ जानलेवा हमला, पशु क्रूरता, प्रतिबंधित पशु वध अधिनियम और आर्म्स एक्ट के तहत रिपोर्र्ट दर्ज की गई है। गिरफ्तार मोहम्मद उमर का शुक्रवार को कोर्ट के लिए चालान कर दिया गया है।
0000
शातिर है गिरफ्तार हुआ आरोपी
पूरनपुर। इंस्पेक्टर धर्मपाल सिंह ने बताया कि प्रतिबंधित पशुओं के साथ गिरफ्तार किया गया आरोपी मोहम्मद उमर शातिर है। उसके खिलाफ कई थानों में प्रतिबंधित पशु वध अधिनियम सहित अन्य धाराओं के अभियोग पंजीकृत है।