बेटे की सरकारी नौकरी लगवाने के नाम पर छत्रपति शिवाजी कॉलोनी निवासी रिटायर्ड दरोगा रूपराम सागर से छह लाख 80 हजार रुपये ठग लिए गए। वारदात संभल तहसील में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी उनके बेटे के सगे साले ने अंजाम दी। फरवरी 2016 के बाद से लगातार कई किस्तों में रुपये लिए गए। सुनगढ़ी पुलिस ने तहरीर मिलने पर बृहस्पतिवार रात को आरोपी के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज की है।
पुलिस को दी तहरीर में रूपराम सागर ने बताया कि उनके बड़े बेटे जितेंद्र उर्फ बंटी की शादी संभल के नई बस्ती घाटित सराय निवासी सोमपाल की बेटी प्रियंका से 17 फरवरी 2014 में हुई थी। बंटी का साला अंकुर कुमार संभल तहसील में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी है और वर्तमान समय में मुरादाबाद के मझोला थाना क्षेत्र के खुशालपुर इलाके में रहता है। आरोप है कि अंकुर ने तहसील संभल में बंटी की सरकारी नौकरी लगवाने का झांसा दिया। इसके एवज में चार फरवरी 2016 को 3.95 लाख रुपये ले लिए। इसके बाद कई अन्य किस्तों में रुपये लेता रहा और कुल 6.80 लाख रुपये ले लिए। उसने बताया कि जल्द ही बंटी की नौकरी संभल तहसील में लगवा दी जाएगी। काफी समय बीतने के बाद भी नौकरी न लगने पर जब जानकारी की गई तो आरोपी टालमटोल करता रहा। ठगी का अहसास होने पर पीड़ित ने अपना रुपये अंकुर से वापस मांगे तो उसने अभद्रता करना शुरू कर दी। काफी प्रयासों के बाद भी रुपये वापस न मिलने पर दो जनवरी 2018 को पीड़ित ने सुनगढ़ी पुलिस से मामले की शिकायत की, जिसके आधार पर पुलिस ने बृहस्पतिवार रात को कार्रवाई की है। एसएचओ मोहम्मद कासिम ने बताया कि आरोपी अंकुर के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज की गई है। दोनों पक्ष आपस में रिश्तेदार हैं, जांच कर कार्रवाई की जाएगी।