पशु तस्करी की सूचना पर घेराबंदी में जुटी सुनगढ़ी पुलिस के एचसीपी को तस्करों ने गाड़ी से कुचलने की कोशिश की, जिसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गए। बाद में पुलिस के पीछा करने पर तस्कर दोनों कार छोड़कर भाग गए। तीसरी कार को अमरिया पुलिस ने घेराबंदी कर पकड़ लिया है। यह बात दीगर रही कि तस्कर यहां से भी भाग निकले।
रविवार सुबह सुनगढ़ी पुलिस को सूचना मिली कि लग्जरी कारों में लादकर गोवंशीय पशुओं को तस्करी के लिए ले जाया जा रहा है। इस पर इंस्पेक्टर अतुल प्रधान टीम के साथ भिकारीपुर पहुंच गए और घेराबंदी शुरू कर दी। इस बीच तीन कारें एक साथ आती दिखाई दीं। पुलिस ने उनको रोकने का इशारा किया, जिस पर पहले चालक ने कार की गति धीमी की, लेकिन जैसे ही एचसीपी रामस्वरूप नजदीक पहुंचे, तस्करों ने उनको कुचलने का प्रयास करते हुए टक्कर मार दी और भाग गए, जिसमें एचसीपी के गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद पुलिस ने तस्करों का पीछा किया। कुछ दूर पहुंचते ही तस्कर एक फॉस्टर और स्विफ्ट कार छोड़कर भाग गए। हालांकि एक फॉस्टर कार आगे निकल गई। तलाशी लेने पर सुनगढ़ी पुलिस को दोनों कारों से पांच जिंदा और चार मृत पशु मिले। वायरलैस कर अमरिया पुलिस को तीसरी कार पकड़ने के लिए सूचना दे दी गई, जिस पर अमरिया पुलिस ने भी चेकिंग शुरू कर दी। ग्राम माधौपुर पिजरा के पास पुलिस को चेकिंग करता देखकर तस्कर फॉस्टर कार छोड़कर भाग निकले। पुलिस ने काफी तलाश किया, लेकिन कोई नहीं मिल सका। बरामद गोवंशीय पशुओं को देवीपुरा गोशाला भिजवा दिया गया है। तीनों वाहन पुलिस ने सीज कर दिए हैं। उधर, घायल एचसीपी का इलाज एवं मेडिकल परीक्षण सुनगढ़ी पुलिस द्वारा कराया गया है। इंस्पेक्टर अतुल प्रधान ने बताया कि अज्ञात तस्करों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। उनकी तलाश की जा रही है, जल्द जेल भेजा जाएगा। चार मृत पशुओं को दफन कराया गया है। तीसरी गाड़ी को लेकर कानूनी कार्रवाई अमरिया थाने में की गई है।