बलात्कारी दरिंदों का शिकार बनी शहर की दलित विवाहित बेटी के मामले को
लेकर जनसमुदाय में ऊबाल है। जिला कांग्रेस कमेटी और सूचना अधिकार टास्क
फोर्स कमेटी (एसटीएफसी) ने पुलिस और प्रशासन का पुतला फूंका और राज्यपाल को
संबोधित ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपकर दरिंदों को गिरफ्तार और पीड़िता
व उसकी बेटी को बरामद कराने की मंग की है। मोहल्ला मोहम्मद वासिल में
पुतला फूंकने जा रहे एसटीएफसी कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच जमकर नोकझोक
हुई।
जिला कांग्रेस कमेटी के जिलाध्यक्ष अखलाक अंसारी के नेतृत्व में
तमाम कार्यकर्ता नकटादाना चौराहा पर जमा हुए और बैठक की। बैठक को संबोधित
करते हुए जिलाध्यक्ष अखलाक अंसारी ने कहा कि प्रदेश में जंगल राज कायम है।
जिले में लगातार गैंगरेप, रेप, डकैतियां पड़ रहीं हैं। बहन बेटियों की आबरू
लूटकर बदमाश क्लीपिंग बनाकर वायरल कर रहे हैं, लेकिन जिले की पुलिस अपनी
कुंभकर्णी नींद से नहीं जा रही है। गुस्साए कार्यकर्ताओं ने पुलिस व
प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने चौराहा पर
पुतले को आग लगा दी। इसके बाद कार्यकर्ता जुलूस की शक्ल में कचहरी पहुंचे
और सिटी मजिस्ट्रेट को राज्यपाल के नाम संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। इस दौरान
सैय्यद उरूज, रिहाना परवीन, आरएन सिंह, वसीम खा, ठाकुरदास, चंद्रशेखर शर्मा
सहित तमाम कार्यकर्ता मौजूद रहे। उधर सूचना अधिकार टास्क फोर्स कमेटी
(एसटीएफ) की एक बैठक मोहल्ला मोहम्मद वासिल में छात्र कांग्रेस कमेटी के
पूर्व अध्यक्ष राशिद अंसारी की अध्यक्षता में हुई। बैठक में घटना पर रोष
जताया गया और कड़े शब्दों में निंदा की गई। कार्यकर्ताओं ने कहा कि शहर की
बेटी के साथ हुई इस घटना में पुलिस पूरी तरह से दोषी है। कार्यकर्ताओं ने
जब पुलिस और प्रशासन के पुतले को आग लगाने की कोशिश की तो मौके पर मौजूद
पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया। इसी को लेकर पुलिस से उनकी झड़प भी
हुई, लेकिन कार्यकर्ताओं ने पुलिस-प्रशासन के पुतला फूंक दिया।
बसपा प्रतिनिध मंडल पीड़िता के घर पहुंचा
पीलीभीत।
बसपा का एक जिला प्रतिनिधि मंडल बरेली मंडल के कोआर्डिनेटर रामसनेही के
नेतृत्व में गायब गैंगरेप पीड़िता के घर पहुंचा और वहां मौजूद उसकी बड़ी
बहन से घटना क्रम की जानकारी ली और रोते बिलखते परिवार वालों को ढांढस
बंधाया। प्रतिनिधि मंडल में पूर्व विधायक अरशद खां, जिलाध्यक्ष हरीराम
गौतम, रामऔतार गौतम, प्रेम गौतम, प्रीदप गौतम, रिंकू बाथम, अरुण भाई, मनोज
सागर, राजेश गौतम, चंदन अकरम आदि कार्यकर्ता थे।
स्वीकृत मिलने पर रणनीति तय करेगी बसपा
मंडल
कोआर्डिनेटर रामसनेही गौतम ने बताया कि अगर शीघ्र वर्कआउट नहीं होता है तो
बसपा शांत नहीं बैठेगी। बसपा ने लड़ाई लड़ने के लिए कमर कस ली है।
उन्होंने बताया कि घटना की जानकारी बरेली और मुरादाबाद के जोनल कोआर्डिनेटर
को दे दी गई है। हाईकमान से परमीशन मिलने के बाद बसपा अपने आंदोलन को लेकर
अपनी रणनीति तय करेगी।