जानलेवा हमले में सजायाब ठहराने के बाद कोर्ट से भागा आरोपी बालिस्टर शुक्रवार को खुद ही कोर्ट में हाजिर हो गया। बोला, गलती का अहसास हो गया है। अपर सत्र न्यायाधीश शिवमणि शुक्ला ने उसे अभिरक्षा में लेक जेल भेज दिया।
थाना दियूरियाकलां के गांव आमडंडा निवासी डम्बरलाल का पुत्र बालिस्टर जानलेवा हमले के मुकदमे में 22 जुलाई को कोर्ट से दोषी ठहराया गया था। उसे कोर्ट मुहर्रिर की न्यायिक अभिरक्षा में दिया गया था। मौका लगते ही वह कोर्ट से फरार हो गया। इस मामले में कोर्ट मोहर्रिर के खिलाफ शहर कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया है। अपर सत्र न्यायाधीश शिवमणि शुक्ला ने बालिस्टर की संपत्ति कुर्क करने का आदेश पुलिस को दिया। शुक्रवार को बालिस्टर कोर्ट पहुंच गया। अर्जी देकर कहा कि वह डर के कारण फरार हो गया था। अब उसे गलती का अहसास हो गया है। उसे न्यायिक अभिरक्षा में लिया जाए। कोर्ट ने उसे न्यायिक अभिरक्षा में लेकर जेल भेज दिया है। सहायक शासकीय अधिवक्ता काजी रिफाकत हुसैन फरहान ने बताया कि आरोपी को तीन अगस्त को अदालत सजा सुनाएगी।