बीसलपुर (पीलीभीत)। मजार पर दुआ करने के बहाने पत्नी को कटना नदी किनारे ले जाकर पति ने दुपट्टे से उसका गला दबाकर हत्या कर दी और शव नदी में फेंक दिया। दो दिन तक मकान में ताला लगाकर पति परिवार समेत गायब रहा। तीसरे दिन अचानक कोतवाली पहुंचकर उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया। इसके बाद पुलिस ने नदी से शव बरामद किया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतका के भाई की तहरीर पर पति समेत चार लोगों पर दहेज हत्या की एफआईआर दर्ज की गई है। जबकि हत्यारोपी पति पत्नी के व्यवहार पर सवाल उठाते हुए इसी को हत्या की वजह बता रहा है।
बीसलपुर के मोहल्ला ग्यासपुर निवासी मंतशा बेगम (23) की शादी सात माह पहले मोहल्ले के ही कासिम शेख से हुई थी। दंपती के बीच आए दिन विवाद होते थे। पुलिस के अनुसार बुधवार शाम कासिम बिलसंडा रोड पर नगर से किमी दूर कटना नदी किनारे एक मजार पर पत्नी को दुआ कराने के बहाने ले गया। वहां दुपट्टे से गला दबाकर उसकी हत्या कर दी और शव को नदी में फेंक दिया। इसके बाद कासिम परिवार के अन्य सदस्यों के साथ मकान में ताला लगाकर भाग गया। दो दिन बाद शुक्रवार सुबह अचानक वह कोतवाली पहुंचा और अपनी पत्नी की हत्या करने की बात बताई। इसे सुनकर कोतवाली पुलिस भी दंग रह गई। आनन फानन में कोतवाल सुनील कुमार शर्मा घटनास्थल पर पहुंचे, वहां महिला का शव कटना नदी से बरामद कर लिया। इसकी जानकारी अधिकारियों को दी गई। कुछ ही देर में एसपी जयप्रकाश, सीओ लल्लन सिंह भी मौके पर पहुंचे। पुलिस से सूचना मिलने के बाद मृतका के भाई अजीत भी मौके पर पहुंचे। भाई ने अपने बहनोई पर दहेज की खातिर अपनी मंतशा की हत्या करने का आरोप लगाया। भाई ने कहा कि कई दिनों से उससे तीन लाख रुपये की मांग की जा रही थी। इसे पूरा न करने पर ससुराल वालों ने उसकी बहन की हत्या की है। पुलिस ने तहरीर मिलने के बाद पति कामिल, जेठ आमिर, ससुर बजीर और सास शादाब बेगम पर दहेज हत्या और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में एफआईआर दर्ज की। कोतवाल ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर छानबीन की जा रही है।
परिवार वाले सोचते रहे ससुराल वालों के साथ घूमने गई है मंतशा
विवाहिता मंतशा की शादी सात माह पहले ही परिवार वालों ने मोहल्ले के कासिम से की थी। नजदीक ही मायका है। मायका और ससुराल नजदीक होने से दोनों जगह उसकी आवाजाही लगी रहती थी। घटना के बाद जब पति मकान में ताला लगाकर कहीं चला गया तो इस बीच मंतशा के मायके वाले भी उसके घर आए थे। मकान पर लटका ताला देख उन्होंने सोचा कि शायद मंतशा ससुराल वालों के साथ कहीं घूमने चली गई है। इसी वजह से न तो उसे तलाशा गया, न ही कहीं कोई शिकायत की। मगर शुक्रवार सुबह जब पुलिस से मंतशा की हत्या की सूचना मिली तो मायके वालों के पैरों तले जमीन खिसक गई।
पति बोला- खुद के जुर्म की परिवार को न मिले सजा..इसलिए कबूला गुनाह
दो दिन भागने के बाद अचानक गुनाह कबूल करने से तमाम तरह के सवाल उठने लगे। कुछ लोग इस घटना को पछतावे से भी जोड़कर देखने लगे, मगर यहां मामला कुछ और ही निकला। हत्यारोपी पति का कहना था कि उसने पत्नी की हत्या कर भागने के बाद छिपने की कोशिश तो की, मगर उसे लगने लगा था कि यह जुर्म ज्यादा दिन तक छिप नहीं सकेगा। ऐसे में उसके द्वारा किए गए गुनाह की सजा उसके परिवार वालों को मिल सकती है। इसलिए वह खुद ही अपना जुर्म कबूल करने थाने पहुंच गया। पति ने दहेज के आरोपों को सिरे से नकार दिया। उसने पत्नी के व्यवहार और कुछ लोगों से बेवजह मिलने को लेकर सवाल उठाते हुए इसी को हत्या की वजह बताया। कासिम को अपनी पत्नी की हत्या करने का कोई पछतावा नहीं था।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर गई थी। मामले में एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई कराई जा रही है। पति ने हत्या की है। तथ्यों के आधार पर सख्त कार्रवाई कराई जाएगी। - जयप्रकाश, एसपी