हत्यारोपी पति और पत्नी। स्रोत पुलिस
बिलसंडा। थाना करेली क्षेत्र के गांव लिलहर में छोटे भाई की हत्या कर शव घर में ही दफनाने के आरोपी बड़े भाई और उसकी पत्नी को पुलिस ने न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया। एक अन्य आरोपी फरार है। पुलिस उसकी तलाश कर रही है। तीनों ने मिलकर हंसराज की हत्या की थी।
थाना करेली के गांव लिलहर में बड़े (मंझले) भाई नक्षत्रपाल ने अपने छोटे हंसराज भाई की हत्या कर शव को आंंगन में गड्ढा खोदकर दफना दिया था। कई दिन बीतने के बाद जब हंसराज घर नहीं पहुंचा तो सबसे बड़े भाई पृथ्वीराज ने पुलिस से शिकायत की। मंझले भाई पर हंसराज की हत्या का आरोप लगाया। पुलिस ने शुक्रवार को नक्षत्रपाल से कड़ाई से पूछताछ की तो हत्या का भेद खुल गया। शव को घर में दफनाए गए गड्ढे से बाहर निकाला। पुलिस ने सबसे बड़े भाई पृथ्वी सिंह की तहरीर पर मंझले भाई नक्षत्रपाल, उसकी पत्नी राधा एवं पुत्र ज्ञानेंद्र खिलाफ प्राथमिक की दर्ज की थी। पुलिस ने आरोपी नक्षत्रपाल और उसकी पत्नी राधा को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त लाठी को बरामद कर लिया।
आरोपी राधा ने पैर, ज्ञानेंद्र ने पकड़े थे हंसराज के हाथ
पूछताथ में मुख्य आरोपी ने पुलिस को बताया कि ननिहाल में मिली जमीन का हिस्सा छोटा भाई हंसराज आए दिन मांगता था। इसी बात को लेकर उससे कहासुनी हो गई थी। 14 दिसंबर को छोटे भाई को मंडी से घर लाया था। उसे समझा रहा था। इसी दौरान गुस्सा आ गया। इसके बाद पत्नी राधा ने हंसराज के पैर पकड़ लिए और बेटे ज्ञानेंद्र ने उसके दोनों हाथ पकड़े। फिर उसने लाठी से उस पर कई प्रहार किए। इससे छोटे भाई की मौत हो गई। घबराहट मेंं उसके शव को बेटे और पत्नी ने अधबने कमरे में गड्ढा खोदकर दफना दिया। पुलिस ने गिरफ्तार दंपती का चालान करके न्यायालय में पेश किया। यहां से जेल भेज दिया गया। फरार आरोपी ज्ञानेंद्र को पकड़ने के लिए टीम गठित कर दी।