पीलीभीत। शासनादेश के बाद भी रोडवेज डिपो के अफसर कम किराये वाली बसों का संचालन नहीं करा सके हैं। जबकि इसको लेकर शासन से आदेश जारी हुए हैं। इसमें तीन बसों का संचालन कराया जाना था। बस संचालन न होने से उन मार्गों पर डग्गामार वाहन हावी है। इससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
रोडवेज डिपो से 103 बसों का संचालन हो रहा है। इसमें दो वातानुकूलित बसें भी शामिल हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में बसों का संचालन कम होने से यहां पर डग्गामार वाहन चालक हावी हैं। ऐसे में शासन से आदेश जारी हुआ कि ग्रामीण क्षेत्रों में बसों का संचालन कराया जाएगा। इसमें यात्रियों से 25 प्रतिशत कम किराया वसूला जाएगा। आदेश के बाद अफसरों ने जिले के तीन मार्गों का सर्वे कर यहां बस संचालन कराए जाने के लिए कार्ययोजना तैयार की। इसमें बरखेड़ा-गजरौला, कसगंजा-पीलीभीत और पूरनपुर-गभिया सहराई के लिए बस संचालन कराया जाना था लेकिन अफसरों की अनदेखी के चलते अभी बरखेड़ा-गजरौला और कसगंजा-पीलीभीत मार्ग पर बस का संचालन हो सका है। जबकि पूरनपुर-गभिया सहराई मार्ग पर अभी-तक बस का संचालन नहीं किया जा सका है। यह नेपाल बार्डर को जोड़ता है। यहां से आने जाने वाले यात्रियों को जिला मुख्यालय तक आने के लिए काफी परेशानी का सामना झेलना पड़ता है। एआरएम विपुल पाराशर ने बताया कि बस संचालन को लेकर दिशा निर्देश दिए थे। बस का संचालन नहीं हो रहा है। इसकी जानकारी की जाएगी।