पीलीभीत। मनरेगा कार्याें में मजदूरों की फर्जी हाजिरी लगाकर धनराशि निकाल ली। जांच में मामला सही पाए जाने पर प्रधान, पंचायत सचिव, तकनीकी सहायक और पांच अन्य पर एक-एक हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
पूरनपुर ब्लॉक के गांव सेहरामऊ उत्तरी में 19 मई को जारी मस्टर रोल संख्या 2730, 2731, 2732, 2733, 2734, 2735 एवं 3202 में फर्जी एनएमएमएस कर एक मास्टर रोल के श्रमिकों के फोटो अन्य में अपलोड कर श्रमिकों की हाजिरी लगाई। सोशल मीडिया के माध्यम से मिली शिकायत पर मनरेगा लोकपाल ने कार्यक्रम अधिकारी पूरनपुर से जांच कर आख्या मांगी। कार्यक्रम अधिकारी ने जांच अवर अभियंता ग्रामीण विकास अभियंत्रण विशाल सक्सेना को सौंपी। इस आख्या में भी खेल किया। इस पर मनरेगा लोकपाल ने दोबारा जांच रिपोर्ट उपलब्ध कराए जाने के निर्देश दिए। जांच आख्या रिपोर्ट उपलब्ध न कराए जाने पर कार्यालय पर उपस्थित होकर पक्ष रखने के निर्देश दिए लेकिन उक्त लोग उपस्थित नहीं हुए।
इस कार्य में करीब 5292 रुपये का दुरुपयोग किया। मामले में दोषी पाते हुए मनरेगा लोकपाल ने प्रधान, पंचायत सचिव, तकनीकी सहायक तीनों का 1764-1764 रुपये मनरेगा खाते में जमा कराए जाने के निर्देश दिए। साथ ही तत्कालीन कार्यक्रम अधिकारी, अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी, पंचायत सचिव, प्रधान, रोजगार सेवक पर एक-एक हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। मनरेगा लोकपाल गेंदनलाल वर्मा ने बताया कि मनरेगा कार्यों में फर्जी हाजिरी लगाकर रुपयों को निकाल लिया। जांच में दोषी पाए जाने पर सभी पर कार्रवाई की गई है।