पीलीभीत। घर में घुसकर किशोरी से दुष्कर्म करने के तीन साल पुराने मामले में सुनवाई के बाद अपर सत्र न्यायाधीश, विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट सीताराम ने आरोपी गांव निवासी हरवंश पुत्र बुद्धसेन को दोषी पाया। उसको 14 साल की सजा और 30 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया है।
घटना छह नवंबर 2016 की रात जहानाबाद थाना क्षेत्र के एक गांव में हुई थी। 14 वर्षीय किशोरी अपनी 18 वर्षीय बड़ी बहन के साथ घर पर अलग-अलग कमरों में सो रही थी। मां बरेली गई हुई थी, जबकि पिता उत्तराखंड के सितारगंज में मजदूरी पर गए थे। देर रात साढ़े 11 बजे गांव निवासी हरवंश छत के रास्ते पीड़िता के कमरे में पहुंच गया। इसके बाद डरा-धमकाकर 14 वर्षीय किशोरी से दुष्कर्म किया और फरार हो गया। डर की वजह से किशोरी ने रात को किसी को घटना नहीं बताई। दूसरे दिन सात नवंबर 2016 को पीड़िता ने बड़ी बहन को खुद के साथ हुई दरिंदगी बताई। इसके बाद दोनों बहने मां के पास बरेली पहुंची और घटना बताई। जहानाबाद पुलिस ने मां से मिली तहरीर पर घर में घुसकर दुष्कर्म, धमकाने और पॉक्सो एक्ट की रिपोर्ट दर्ज की। पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराकर बयान कराए गए। पुलिस ने विवेचना कर हरवंश के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। सुनवाई के बाद मंगलवार को विशेष न्यायाधीश पॉॅक्सो एक्ट सीताराम ने हरवंश को दोषी करार देकर सजा सुनाई।