पीलीभीत। दो माह बाद कोरोना ने फिर से अपना कहर बरपाया। शहर में कैंसर पीड़ित अधिवक्ता की कोरोना से मौत हो गई। दो दिन पहले ही वह बरेली के कोविड अस्पताल से अपनी मर्जी से छुट्टी कराकर होम आइसोलेट हुए थे। संक्रमित अधिवक्ता की मौत के बाद स्वास्थ्य कर्मियों ने शव को पीपीई बॉडी कवर पहनाकर अंतिम संस्कार कराया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने पत्नी और बच्चों का दोबारा से सैंपल लेकर होम आइसोलेट कर दिया है। अब इनके संपर्क में आने वाले लोगों को ट्रेस करने में जुटे हैं।
शहर के मोहल्ला तुलाराम निवासी 55 वर्षीय अधिवक्ता लंबे समय से कैंसर की बीमारी से जूझ रहे थे। 27 अक्तूबर को उन्होंने अपनी बेटी की शादी की थी। शादी के बाद वह अपनी कीमोथेरेपी कराने बरेली गए थे। पहले कोरोना जांच कराने को कहा गया तो वह पीलीभीत आ गए थे। एक नवंबर को परिवार ने उनकी कोरोना जांच कराई। दो नवंबर को आई जांच रिपोर्ट में वह कोरोना पॉजिटिव निकले। स्वास्थ्य विभाग ने हालत नाजुक होने पर उन्हें बरेली कोविड अस्पताल भेजने के निर्देश दिए। पत्नी ने पति को कैंसर पीड़ित होने का हवाला देते हुए उनकी देखरेख करने के लिए साथ जाने की मांग की। स्वास्थ्य विभाग ने दोनों को बरेेली कोविड अस्पताल भेज दिया। जहां पत्नी की कोरोना जांच की गई तो वह भी पॉजिटिव निकली। संक्रमित दंपती को कोविड अस्पताल में भर्ती कर लिया गया। तीन नवंबर को दंपती ने खुद ही अस्पताल से छुट्टी करा ली। इसके बाद घर में ही आइसोलेट हो गए। बृहस्पतिवार तड़के अधिवक्ता की मौत हो गई।
बेटा और पुत्रवधू भी निकले कोरोना संक्रमित
दंपती के संक्रमित निकलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने संज्ञान लेते हुए होम आइसोलेट संक्रमित का जांच करने के बाद उनके बेटे और पुत्रवधू का सैंपल भी लिया। चार नवंबर को आई जांच रिपोर्ट में वह दोनों भी संक्रमित निकले। उन्हें भी होम आइसोलेट कर दिया था।
बार एसोसिएशन ने नहीं किया न्यायिक कार्य
सिविल बार एसोसिएशन के सदस्य गैस चौराहा निवासी अधिवक्ता के निधन पर अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्य नहीं किया। जिला जल नीलकंठ सहाय की अध्यक्षता में बार बेंच की संयुक्त शोकसभा में दिवंगत अधिवक्ता को श्रद्धांजलि दी गई। उनके निधन पर शोक व्यक्त करने वालों मेें स्नेहलता तिवारी, रामऔतार रस्तोगी, धीरेंद्र मिश्र, अशोक वाजपेई, प्रभा अवस्थी, तेज सिंह वर्मा, महेंद्र मिश्र, साबिर हुसैन अंसारी, अनवर अहमद शामिल रहे।
अधिवक्ता कैंसर की बीमारी से ग्रस्त थे। परिवार वाले भी उनकी चपेट में आने से पॉजिटिव हुए हैं। शव का कोविड नियम के तहत अंतिम संस्कार कराया है। परिवार के संपर्क में आने वाले लोगों की सैंपलिंग कराई जा रही है। - डॉ. सीमा अग्रवाल, सीएमओ