माधोटांडा। शारदा नदी का जलस्तर घटने से गभिया सहराई क्षेत्र में कटान की गति कम हो गई है। वहीं रविवार को कटान की स्थिति को ध्यान में रखते हुए अभियंताओं ने सनेडी तटबंध के स्पर संख्या 17 की नोज पर पानी का दबाव कम करने के लिए ऐसी बेग लगाने शुरू कर दिए हैं। दोपहर बाद एसडीएम हरिओम शर्मा ने नदी का निरीक्षण कर कटान की स्थिति को देखा, इसके अलावा ग्रामीणों से जानकारी भी जुटाई।
दो दिन पूर्व शारदा नदी का जलस्तर बढ़ने से गभिया सहराई क्षेत्र के नलडेंगा में नदी ने कटान शुरू कर दिया था। यहां सनेड़ी तटबंध के सामने बने स्पर संख्या 17 के अपस्ट्रीम में नदी लूप बनाकर अपना दायरा बढ़ा रही है। इसके अलावा कुछ किसानों की कृषि भूमि का भी कटान धीमी गति से जारी है। सोमवार को जलस्तर कम होने से कटान की गति धीमी पड़ गई, लेकिन खतरा बरकरार है। क्योंकि जलस्तर बढ़ते ही नदी पुन: लूप बनाकर स्पर को क्षतिग्रस्त कर सकती है। शारदा सागर खंड के अभियंता ने नलडेंगा में बचाव कार्य शुरू कराया है। स्पर को सुरक्षित रखने के ऐसी बेग में रेत भरकर डलवाए जा रहे है। हालांकि यह कार्य औपचारिकता तक ही सीमित है। इधर एसडीएम ने राजस्व टीम के साथ कटान क्षेत्र का दौरा कर स्थिति को परखा। इसके अलावा कटान के चलते नदी के मुहाने पर आए घरों की स्थिति देख लोगों से बातचीत की। हालांकि लोग वहां से हटने के लिए राजी नहीं हो रहे है। निरीक्षण के दौरान मौजूद गभिया सहराई के प्रधान पति शंकर राय ने कटान की पूरी वास्तविक स्थिति से अवगत कराते हुए बचाव कार्य कराने की मांग की। जिसपर एसडीएम ने शारदा सागर खंड के अधिशासी अभियंता से बात कर बचाव कार्य शुरू करवाने के लिए कहां। एसडीएम ने क्षेत्र के कुछ किसानों की कृषि भूमि के धीमी गति से हो रहे कटान की स्थिति को भी देखा और संबंधित विभाग को दूरभाष से जरूरी दिशा निर्देश दिए।