पीलीभीत। गांव में विकास कार्य न होने पर खफा होकर पानी की टंकी पर चढ़ने वाले युवक व उसे उकसाने वाले पांच नामजद समेत 35 आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की है। इसमें युवक व उसके दोस्तों पर सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, सार्वजनिक रास्ता बंद करने का आरोप लगाया गया। वहीं, ग्रामीणों ने भी गांव में विकास कार्य न कराने को लेकर शनिवार को रोष जताया था।
मरौरी ब्लॉक के एडीओ पंचायत मेहरबान सिंह ने सुनगढ़ी थाने में दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि 29 अगस्त की शाम करीब पांच बजे सूचना मिली की कि बेहड़ीखेड़ा गांव निवासी वीरेश कुमार अपने साथी कुलदीप, अमित, कृष्णपाल, कुंभकरण और 30 अन्य लोगों के उकसाने पर नवनिर्मित पानी की टंकी पर चढ़ गया। सभी ने विकास कार्यों में नियमों के विपरीत कार्य कराने का आरोप लगाते हुए आत्महत्या करने की धमकी दी। सूचना मिलने के बाद प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने वीरेश और उसके साथियों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वीरेश टंकी से नीचे उतरने को तैयार नहीं हुआ।
आरोप है कि साथियों के उकसाने पर वीरेश पानी की टंकी को पकड़कर नीचे लटक गया। इस बीच अफरातफरी मच गई। अधिकारियों ने काफी मशक्कत और समझाने के बाद चौकीदार की मदद से उसे सुरक्षित नीचे उतारा। आरोप है कि टंकी से नीचे उतरने के बाद वीरेश और उसके साथियों ने गांव में जाम लगा दिया। उन्होंने नियमों के विपरीत पाइपलाइन और अन्य कार्य कराने का दबाव बनाते हुए सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाई। सार्वजनिक रास्ता बंद होने से ग्रामीणों और राहगीरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।
सीओ सिटी अमरनाथ वर्मा ने बताया कि मामले में विवेचना शुरू कर आगे की कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। संवाद