परिषदीय विद्यालयों
के निरीक्षण में बीएसए और उनकी टीम को पांच स्कूलो में दूध वितरण होना नहीं
मिला। लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
बीएसए
अंबरीष कुमार यादव और उनकी टीम ने बुधवार को परिषदीय विद्यालयों का
निरीक्षण कर मध्यान्ह भोजन व दूध वितरण का जायजा लिया। जूनियर हाईस्कूल
टेहरी के निरीक्षण में मिड- डे मील व दूध बंटना नहीं पाया गया। जिस पर
बीएसए ने नाराजगी जताते हुए हेडमास्टर माधुरी देवी का वेतन रोकने के
निर्देश दिए।
अनुदेशक अनीता रानी व विनीता के गैरहाजिर मिलने पर मानदेय
काटने के निर्देश दिए। प्राथमिक विद्यालय महेशपुरा में भी बीएसए को रसोईघर
में ताला लटका मिला। बच्चों को मिड-डे मील व दूध देना नहीं पाया गया।
शिक्षक राकेश गौतम नदारद मिले। बीएसए ने हेडमास्टर शिवकुमार का वेतन रोकने,
राकेश का वेतन काटने के निर्देश दिए। यहां विद्यालय की बाउंड्रीवॉल भी
क्षतिग्रस्त होना पाई गई। उन्होंने तत्काल व्यवस्थाएं दुरुस्त कराने की
चेतावनी दी।
प्राथमिक विद्यालय बकैनिया में बच्चों को मेन्यू के अनुसार
भोजन नहीं दिया गया। बीएसए ने हेडमास्टर के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए।
इस विद्यालय में शौचालय की स्थिति भी बेहद खराब पाई गई। इधर बीएसए के
निर्देश पर सर्वशिक्षा अभियान के समन्वयक राकेश पटेल प्राथमिक व उच्च
प्राथमिक विद्यालय कैच व बरहा में मिड-डे मील जायजा लिया।
उन्होंने बताया
कि प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालय कैच में मिड डे मील व दूध वितरण होना
पाया गया, जबकि प्राथमिक व उच्चप्राथमिक विद्यालय बरहा में दूध वितरित
नहीं किया गया। रिपोर्ट बीएसए को सौंपी जा रही है। इधर खंड शिक्षा अधिकारी
डीएल राना के निर्देश पर न्यायपंचायत प्रभारियों ने भिलैया गांवखेड़ा,
जैतपुर, जमुनिया, लौकहा, बिठौराकलां, दहगला, भमौरा आदि स्कूलों में
मध्यान्न भोजन व दूध वितरण का निरीक्षण किया। अधिकतर स्कूलों में दूध वितरण
होना पाया गया, लेकिन कहीं कहीं मानक से कम दूध दिया गया।