परिषद विद्यालयों की छापे में बीएसए जयप्रताप सिंह को शैक्षिक गुणवत्ता खराब मिलने के साथ तमाम खामियां भी देखने को मिली। जिस पर उन्होंने संबंधित स्टाफ की फटकार लगाते हुए स्थिति सुधारने की कड़ी चेतावनी दी। गुणवत्ता खराब मिलने पर एक प्रधानाध्यापिका का स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश दिए।
परिषदीय स्कूलों के समय न खुलने की मिल रही शिकायतों के बाद बीएसए ने बुधवार को प्राथमिक व उच्च प्राथमिक विद्यालय गिधौर में छापेमारी की। उच्च प्राथमिक विद्यालय में कक्षा आठ के बच्चे बीएसए को मोर व हाथी की सही स्पेलिंग तक नहीं बता सके। वहीं अधिकांश बच्चे गणित के सवालों को भी हल नहीं कर सके। शैक्षिक गुणवत्ता बेहद निम्र पाए जाने पर उन्होंने शिक्षकों की कड़ी फटकार लगाई। उन्होंने प्रधानाध्यापिका ममता का स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश दिए। प्राथमिक विद्यालय में पंजीकृत 143 बच्चों के सापेक्ष मात्र 66 बच्चे ही पढ़ते मिले। बीएसए ने प्रधानाध्यापिका मालती देवी को बच्चों की शत प्रतिशत उपस्थिति सुश्चित करने के निर्देश दिए। बीएसए को गांव के आंगनबाड़ी केंद्रों में एक भी बच्चा मौजूद नहीं मिला। यहां उन्होंने हौंसला पोषण योजना के तहत बनाए जा रहे भोजन की भी जांच की। उन्होंने कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय भिंडारा का भी निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने वार्डन प्रभा पांडेय को छात्राओं की सुरक्षा वास्ते पुलिस को पत्र भेजकर गश्त करवाने के निर्देश दिए। उन्होंने इसके अलावा प्राथमिक विद्यालय पकडिय़ा विजयपुर व उच्च प्राथमिक विद्यालय भिंडारा का भी निरीक्षण कर व्यवस्थाओं जायजा लिया।