माधोटांडा। टाइगर रिजर्व की माला रेंज से गुजरे माधोटांडा-पीलीभीत जंगल मार्ग पर एक बाघ के मुख्य मार्ग पर आ जाने से राहगीरों के होश उड़ गए। वाहन सवारों ने बाघ की तस्वीरें मोबाइल फोन मेें कैद कीं। हालांकि बाघ कुछ देर बाद जंगल के अंदर की ओर निकल गया।
घटना बुधवार सुबह लगभग नौ बजे की है। टाइगर रिजर्व की माला रेंज के जंगल के बीच से माधोटांडा-पीलीभीत मार्ग गुजरता है। बाघों की संख्या अधिक होने के चलते बाघ अकसर मार्ग पर आ जाते है। बुधवार सुबह एक बाघ सिद्ध बाबा स्थल के निकट जंगली सुअर का पीछा करते हुए मार्ग के नजदीक पहुंच गया। मार्ग पर बाघ देख बाइक सवार राहगीरों के होश उड़ गए। वहीं कुछ कार सवारों को बाघ को सड़क पार करते दिखा तो उन्होंने अपनी गाड़ियां रोक लीं और मोबाइल फोन में फोटो कैद कीं। बाघ के जंगल में चले जाने के बाद ही वाहन आगे बढ़े।
गजरौला। क्षेत्र में बाघ हमले में दो ग्रामीणों की मौत के बाद बाघ की चहलकदमी लगातार जारी है। बाघ ने बुधवार सुबह तड़के एक छुट्टा पशु का अपना निवाला बना डाला।
घटना क्षेत्र के गांव विधिपुर में हुई। गांव निवासी कांति देवी पत्नी सियाराम के गेहूं के खेत में बाघ ने एक छुट्टा पशु को अपना निवाला बना डाला। घटना की जानकारी कांति देवी को सुबह हुई जब वे पशुओं के लिए चारा काटने के लिए पहुंची। खेत में पशु पड़ा देख उन्होंने इसकी जानकारी गांव में दी। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि गुड्डू ने वन विभाग को सूचना दी। वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर मौका मुआयना किया। टीम ने बाघ के पदचिह्न भी ट्रेस किए। माला रेंज की गढ़ा बीट प्रभारी सत्यवीर संधू ने बताया कि सुबह एक छुट्टा पशु पर हमला कर उसे मारा गया है। टीम मौके पर मौजूद है। घटनास्थल जंगल से दो किलोमीटर दूर है। हमला करने वाला बाघ प्रतीत हो रहा है, लेकिन पैरों के निशान साफ ट्रेस नहीं हो सके हैं।
माधोटांडा। गांव नवदिया सुखदासपुर में बाघ देखे जाने के दूसरे दिन भी गन्ने के ख्ेात समेत आसपास क्षेत्र की मॉनिटरिंग जारी रही। वन एवं वन्यजीव प्रभाग के डीएफओ संजीव कुमार ने भी मौके पर जाकर स्थिति का जायजा लिया और पूरनपुर के प्रभारी रेंजर को निगरानी जारी रखने के निर्देश दिए। हालांकि वन विभाग का अमला अब यह मान रहा है कि बाघ रात को यहां से निकल गया है।