परेवावैश्य (पीलीभीत)। जहानाबाद थाना क्षेत्र के गांव मुड़सैना बक्श गांव में गन्ने छील रहे मजदूर दंपती ने बाघ होने की खबर ग्रामीणों को दी, इस पर हड़कंप मच गया। मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना पर पहुंचे सामाजिक वानिकी के डिप्टी रेंजर और उनकी टीम ने पगचिह्न ट्रेस किए तो बाघ के न होकर किसी अन्य वन्यजीव के होना पाए गए। हालांकि वन विभाग के अफसर यह नहीं बता पाए कि जानवर कौन सा है। फिलहाल सुरक्षा की दृष्टि से वनककर्मियों ने इलाके की निगरानी शुरू कर दी है।
मामला मुड़सैना बक्श गांव से करीब 500 मीटर दूर स्थित गन्ने के एक खेत का है। इसी गांव के 60 वर्षीय मुख्तयार खां और उनकी पत्नी कश्मीरन बेगम बृहस्पतिवार सुबह ग्राम प्रधान मुशर्रफ खां के खेत में गन्ने की छिलाई करने पहुंचे थे। खेत में मुख्तयार और उनकी पत्नी ही मौजूद थीं। बकौल मुख्तयार 11 बजे के आसपास गन्ने के खेत से निकले एक बाघ पर उनकी अचानक निगाह पड़ी। इसके बाद दोनों ने भागना शुरू कर दिया। खेत में कुछ कुत्ते भी थे, वे भी बाघ को देखकर भौंकने लगे। इस बीच बाघ वापस गन्ने में लौट गया। बदहवास हालत में गांव पहुंचे पति पत्नी ने बाघ होने की जानकारी ग्रामीणों को दी। जानकारी मिलते ही ग्रामीणों की भीड़ गन्ने के खेत के आसपास जुटना शुरू हो गई। मौके पर चौकी इंचार्ज अनिल कुमार भी पुलिस बल के साथ पहुंच गए। सूचना पर सामाजिक वानिकी के डिप्टी रेंजर देवऋषि सक्सेना, देवेंद्र पाल सिंह, जफर वारसी, वन दरोगा रामपाल, राजेंद्र कुमार, बीट प्रभारी तेजपाल और टीकाराम भी मौके पर पहुंच गए। वनकर्मियों ने गन्ने के खेत के आसपास पगचिह्न देखे और उन्हें ट्रेस किया। वन कर्मियों के मुताबिक पगचिह्न बाघ के तो नहीं है, लेकिन यह किसी अन्य वन्यजीव के हो सकते हैं। फिलहाल मौके पर वनकर्मी निगरानी में जुटे हैं। इधर गांव में दहशत का माहौल है।