पीलीभीत। मनरेगा योजना में फर्जी मस्टर रोल बनाकर और खुद के नाम से बनाई गई फर्म से अमरिया ब्लॉक के एपीओ (अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी) समेत तीन रोजगार सेवकों ने करोड़ों की धनराशि अनधिकृत तरीके से निकाल ली। शासन से निर्देश मिलने के बाद डीएम ने तीनों को पद से बर्खास्त करते हुए गिरफ्तार करा लिया।
अमरिया ब्लॉक क्षेत्र में ग्राम पंचायतों में मनरेगा से कराए गए कार्यों की एक शिकायत कुछ दिन पहले शासन में हुई थी। उसमें आरोप लगाया गया था कि एपीओ अजय कुमार ने जय मां दुर्गा इंटरप्राइेजज कंपनी के नाम से अपनी फर्म बनाकर उसके माध्यम से गांवों में मनरेगा से स्वीकृत निर्माण सामग्री भिजवाई। दूसरी ग्राम पंचायतों के जॉब कार्डधारक मजदूरों के नाम से फर्जी मस्टरोल निकालकर करोड़ों रुपये का गबन कर लिया। इसमें सिसैया ग्राम पंचायत के रोजगार सेवक सुरेश कुमार वर्मा, चठिया नियास के रोजगार सेवक गुरविंदर सिंह और नेवाड़ ऐंठपुर के रोजगार सेवक हरीश कुमार की मिलीभगत भी बताई गई। सीडीओ श्रीनिवास मिश्र ने इस प्रकरण की जांच की तो पूरा घोटला सामने आ गया। करीब 25 करोड़ के घपले की बात सामने आई। सीडीओ की रिपोर्ट पर शासन ने कार्रवाई के आदेश दिए। उपायुक्त श्रम रोजगार की तहरीर पर पुलिस ने एपीओ और तीनों रोजगार सेवकों पर देर शाम संगीन धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली।