पीलीभीत। दहेज की मांग पूरी न होने पर विवाहिता की हत्या के मामले में जनपद सत्र न्यायाधीश रविंद्र कुमार ने आरोपिता सुनीता देवी की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। न्यायालय ने मामले को गंभीर प्रकृति का मानते हुए दोनों पक्षों को सुनने और पत्रावली का अवलोकन करने के बाद आदेश पारित किया।
अभियोजन के अनुसार, थाना घुंघचाई क्षेत्र के वरुण देव मिश्रा ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि उनकी पुत्री शिवानी की शादी 10 मई 2023 को गांव व थाना घुंघचाई निवासी रघुनाथ प्रसाद मिश्रा के पुत्र आशुतोष मिश्रा उर्फ नितिन के साथ हुई थी। आरोप है कि शादी के बाद ससुराल वाले एक लाख रुपये और सोने की चेन व लॉकेट की मांग को लेकर शिवानी को प्रताड़ित करते थे। आरोप है कि सात सितंबर 2026 को ससुराल वालों ने शिवानी के साथ मारपीट कर उसकी हत्या कर दी। इस मामले में सुनीता देवी पत्नी रघुनंदन की ओर से जनपद सत्र न्यायाधीश की अदालत में अग्रिम जमानत याचिका दाखिल की गई थी। सुनवाई के बाद अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए अग्रिम जमानत याचिका निरस्त करने का आदेश दिया। संवाद