पीलीभीत। शुष्क शौचालय विमुक्ति योजना के तहत नगर पालिका प्रशासन ने गुरुवार को शहर के पांच मोहल्लों में अभियान चलाकर 50 से अधिक शुष्क शौचालय ध्वस्त कर दिए। इससे हड़कंप मच गया। कई जगह पालिकाकर्मियों को विरोध का सामना करना पड़ा। विरोध करने वालों में मोहल्ला शेर मोहम्मद की एक महिला समेत दो पर एफआईआर की कार्रवाई की जा रही है।
देश भर में शुष्क शौचालयों के इस्तेमाल पर सुप्रीम कोर्ट ने 1993 में पाबंदी लगा दी थी। केन्द्र सरकार ने इस पर अमल के लिए स्वच्छकार विमुक्ति योजना बनाई। राज्य सरकार ने योजना के तहत ग्रामीण अंचलों में ऐसे शौचालयों को ध्वस्त करने का जिम्मा डीपीआरओ और नगरीय क्षेत्रों में ईओ को सौंपा गया। इस क्रम में गुरुवार को पालिका की टीम ने ईओ हेमराज के नेतृत्व में शहर के मोहल्ला शेर मोहम्मद, बुजकसाबान, मोहतशिम खां, आसफ जान और मोहम्मद वासिल क्षेत्र में चिन्हित 50 शुष्क शौचालय ध्वस्त कर दिए। इस कार्रवाई से हड़कंप मच गया। शौचालय ध्वस्त करने को लेकर टीम को कई जगह लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। ईओ ने बताया कि विरोध करने वाली शेर मोहम्मद मोहल्ले की फरीदा और इरशाद के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जा रही है। अभियान में अमर किशोर, अमित कुमार समेत कई कर्मचारी थे।
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बीपीएल श्रेणी के लोगों को मिलेगा आर्थिक सहयोग
जिला समाज कल्याण अधिकारी उमा पति बताते हैं कि स्वच्छकार विमुक्ति योजना के तहत जिन लोगों के शौचालय ध्वस्त किए जा रहे हैं, उनमें बीपीएल श्रेणी के लोगों को शौचालय निर्माण के लिए आर्थिक सहयोग डीपीआरओ और ईओ के माध्यम से उपलब्ध कराया जाएगा। स्वच्छकार पेशे से जुडे़ लोगों के पुनर्वास के लिए भी कार्ययोजना तैयार की जा रही है।