पूरनपुर/पीलीभीत। ब्लाक प्रमुख के खिलाफ 11 अगस्त को होने वाले अविश्वास प्रस्ताव को लेकर बीडीसी सदस्यों की घेराबंदी शुरू हो गई है। एक पक्ष की ओर से बीडीसी सदस्य नगर के एक होटल में तो दूसरे पक्ष की ओर से बीडीसी सदस्यों का एक बारात घर में कार्यक्रम रखा गया है। ताकि किसी तरह से कुर्सी को अपने पक्ष में किया जा सके।
सत्ता परिवर्तन के बाद जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी भले बच गई हो, लेकिन ब्लाक प्रमुख राजप्रीत कौर, अमरिया की ब्लाक प्रमुख कौसर जहां के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव सौंपा जा चुका है। पूरनपुर में अविश्वास प्रस्ताव को लेकर 11 अगस्त को बैठक रखी गई है। पूरनपुर में 274 बीडीसी सदस्यों में 221 बीडीसी सदस्यों के शपथ पत्र डीएम को सौंपे गए थे। इधर, अविश्वास प्रस्ताव की तिथि नजदीक आते ही दोनों खेमों की ओर से बीडीसी सदस्यों पर डोरे डालने शुरू कर दिए गए है। ताकि किसी तरह से कुर्सी हासिल की जा सके। बीडीसी सदस्यों को अपने पक्ष में करने को एक खेमा में नगर के एक होटल को बुक कर उसमें बीडीसी सदस्यों को ठहराया है। जबकि दूसरे खेमा के बीडीसी सदस्य एक बारात घर में ठहराए गए है। दोनों खेमों से दूर के कुछ बीडीसी सदस्यों पर भी खेमे शामिल होने का दबाब डलवाया जा रहा है। उधर, ब्लाक प्रमुख के अविश्वास प्रस्ताव को लेकर एक पार्टी के नेता दो भागों में बंट गए है। पार्टी के कुछ नेता ब्लाक प्रमुख के पक्ष में मतदान को बीडीसी सदस्यों से तो कुछ विरोध में मतदान को संपर्क कर रहे है। कुल मिलाकर अविश्वास प्रस्ताव को लेकर बीडीसी सदस्यों की चांदी आ गई है। होटल और बारात घर में टिकाए गए बीडीसी सदस्य लोगों में चर्चा का विषय बने हुए है।