दिनदहाड़े घर से बकरी को उठा ले गया तेंदुआ
बूंदीभूड़ गांव में तेंदुए की दस्तक से दहशत
वनकर्मियों ने जुटाई जानकारी
अमर उजाला ब्यूरो
माधोटांडा (पीलीभीत)। सीमावर्ती क्षेत्र में लंबे समय से आतंक का पर्याय बने तेंदुए की आबादी क्षेत्र में दस्तक के बाद एक बार फिर दहशत फैल गई है। शनिवार को दोपहर बाद बूंदीभूड़ गांव की आबादी में घुसा तेंदुआ मोहन मंडल के घर में बंधी बकरी को खींच ले गया और निवाला बना लिया। सूचना के बाद वनकर्मियों ने मौका मुआयना कर जानकारी जुटाई।
बराही रेंज के सीमावर्ती क्षेत्र नौजल्हा, बूंदीभूड़ और महाराजपुर समेत अन्य गांव की सीमा में पिछले तीन माह से तेंदुए आतंक कायम है। तेंदुए की आबादी के निकट लगातार चहलकदमी देखी जा रही है। शनिवार को दोपहर करीब तीन बजे जंगल से बाहर निकला तेंदुआ जंगल से सटे बूंदीभूड़ गांव की आबादी में पहुंच गया। यहां तेंदुए ने गांव निवासी मोहन मंडल के घर में घुसकर अंदर बंधी बकरी पर हमला कर दिया। इसके बाद उसे बाहर की ओर खींच ले जाकर अपना निवाला बना लिया। तेंदुआ देख घर में मौजूद परिवारजनों के शोर शराबा करने पर तेंदुआ पुन: जंगल की ओर चला गया। सूचना के बाद नौजल्हा वन चौकी के वनकर्मी संजय और हरी राम ने मौके पर पहुंचकर जानकारी जुटाई। डिप्टी रेंजर गिरीश कुमार ने बताया कि मैं आज अवकाश पर हूं। सूचना के बाद वनकर्मियों को मौके पर भेज कर जानकारी कराई जा रही है।
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शोर मचाने पर भी टस से मस नहीं हुआ तेंदुआ
गृह स्वामी मोहन मंडल ने बताया कि शनिवार करीब तीन बजे तेंदुआ जंगल से सीमा से सटे गांव बूंदी भूड़ आया। मोहन के मुताबिक उस समय परिवार के सभी लोग मौजूद थे। तेंदुए को घर की ओर आता देख सभी ने शोर मचाना शुरू कर दिया, लेकिन इसके बाद भी तेंदुए पर कोई फर्क नहीं पड़ा। उसने बकरी को जबड़े में दबाया और तेजी से बाहर निकलकर खेतों में घुस गया। हालांकि बाद में शोरशराबा करने पर तेंदुआ मृत बकरी को खेत में छोड़ पुन: जंगल की ओर निकल गया।