फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डीएम ने एसडीएम को दिए जांच कर एफआईआर के आदेश

विज्ञापन
विज्ञापन
डीएम ने दिए जांच कर एफआईआर के आदेश
विज्ञापन

गन्ना लदे वाहनों को टोकन जारी कराने के नाम पर वसूली का मामला
पहले ही किसान से लिखाया जा चुका है शपथ पत्र, कैसे होगी कार्रवाई
अमर उजाला ब्यूरो
पूरनपुर/पीलीभीत। चीनी मिल में गन्ना लदे वाहनों को बीसलपुर भिजवाने के लिए टोकन जारी कराने के नाम पर अवैध वसूली से जुड़ी कई वीडियो वायरल होने के बाद डीएम ने शुक्रवार को मामले को गंभीरता से लिया है। उन्होंने एसडीएम को पूरे प्रकरण की जांच कर एफआईआर कराने के निर्देश दिए हैं। इधर सवाल यह है कि कर्मचारी के बचाव में चीनी मिल के अधिकारी पहले ही किसान से शपथ पत्र ले चुके हैं, ऐसे में कार्रवाई कैसे हो सकेगी?
चीनी मिल में 25 अप्रैल को क्लोरिफायर टैंक ढहने के बाद अब तक गन्ना सप्लाई को लेकर गन्ना किसान परेशान हैं। केन कैरियर परिसर में घटना के नौ दिन बाद भी पड़ा गन्ना सूख रहा है। उधर क्रय केंद्रों से पर्ची न मिलने से भी किसानों की मुसीबत बरकरार है। इसके अलावा तीस अप्रैल को चीनी मिल गेट पर खड़े गन्ना लदे वाहनों को बीसलपुर भेजने के लिए टोकन जारी कराने के नाम पर अवैध वसूली हुई थी। इसको लेकर किसानों ने हंगामा भी किया था। इसके वीडियो क्लिप वायरल होने के बाद अब डीएम अखिलेश कुमार मिश्र सख्त हुए हैं। उन्होंने एसडीएम शशिभूषण राय को मामले की गहनता से जांच कर आरोपी कर्मचारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं। उधर, आरोपी कर्मचारी को बचाने को पीड़ित किसान से कुछ अफसरों के इशारे पर शपथ पत्र हासिल किया जा चुका है। जिसमें किसान और आरोपी कर्मचारी के एक ही गांव के होने, सुविधा शुल्क नहीं उधारी के रुपये वापस करने आदि का हवाला दिया गया है।
विज्ञापन

000000
एक अफसर करा रहा अवैध वसूली
पूरनपुर। गन्ना क्रय केंद्रों से संबद्ध किसान अब भी गन्ना सप्लाई को लेकर परेशान हैं। गन्ना सप्लाई को सहकारी गन्ना समिति के माध्यम से जारी होने वाली गन्ना सप्लाई पर्चियां समिति माध्यम से जारी न कर सीधे किसानों को थमाई जा रही हैं। भाकियू के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष मंजीत सिंह का आरोप है कि गन्ना सप्लाई कराने के नाम पर किसानों से दो रुपये प्रति क्विंटल की वसूली चीनी मिल का एक अफसर करा रहा है।
विज्ञापन

000000
किसी तरह की अवैध वसूली नहीं हो रही है। अवैध वसूली की वीडियो वायरल होने के मामले में जिला गन्ना अधिकारी ने जांच की है। सुनने में आया है कि किसान ने शपथ पत्र दिया है। जिसमें अवैध वसूली न होने का हवाला देकर कर्मचारी से उधार लिए गए रुपये वापस करने की बात कही गई है।
एसके अग्रवाल, जीएम चीनी मिल
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें