मंगल कलश यात्रा के साथ कथा का शुभारंभ
खेकड़ा (बागपत)। जन्माष्टमी पर्व के उपलक्ष्य में मौहल्ला औरंगाबाद, चक्रसेनपुर स्थित प्राचीन शिव मंदिर मठ में मंगल कलश यात्रा केे साथ ही श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ हुआ।
शुक्रवार को मंगल कलश यात्रा सुबह दस बजे पूजा अर्चना के उपरांत बैंडबाजों, भजन कीर्तन मंडलियों के साथ नगर के विभिन्न मार्गों से होती हुई वापस मंदिर प्रांगण में पहुंचकर संपन्न हुई। महिलाएं सिर पर मंगल कलश रखकर गीत गाती चल रही थीं। इसके बाद मंदिर प्रांगण में आठ दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा विधिविधान के साथ शुरू हुई। कथा व्यास अमरदीप अवस्थी कानपुर ने श्री कृष्ण की बाल लीलाओं का बडे़ ही मार्मिक ढंग से मंचन के साथ लीला सुना सभी को भाव विभोर कर दिया। यज्ञ के यजमान बनने का सौभाग्य योगेश कुमार एवं एवं उनकी पत्नि गीता देवी को प्राप्त हुआ। इस दौरान मन्दिर कमेटी के प्रधान विरेंद्र धामा, सुखपाल सिंह सभासद, अनुज धामा समेत भारी संख्या में श्रद्धालु रहे।