नोएडा में यूपी रोडवेज की बसों में टिकटों की धांधली का खेल अब नहीं चलेगा।
इससे निपटने के लिए राज्य सड़क परिवहन निगम ने जीपीएस (ग्लोबल पोजीशनिंग सिस्टम) से लैस इलेक्ट्रॉनिक टिकटिंग मशीन (इटीएम) का सहारा लिया है।
इस तरह की इटीएम बहुत जल्द नोएडा व ग्रेटर नोएडा डिपो को मिलने जा रही हैं।
साधारण इटीएम के जरिये टिकटों का फर्जीवाड़ा कई बार पकड़ा जा चुका है। कुछ महीने पहले नोएडा व ग्रेटर नोएडा में भी इस तरह के कई मामले सामने आए थे।
इस समस्या से निपटने के लिए जीपीएस लगी इटीएम को प्रयोग में लाने का निर्णय निगम ने लिया है। बताया जा रहा है कि इटीएम का गाजियाबाद में इस्तेमाल शुरू हो चुका है।
अब नोएडा व ग्रेनो में नई मशीनों को लाने की तैयारी की जा रही है। वहीं, दूसरी ओर पुरानी इटीएम मशीनें दोनों ही डिपो से सरेंडर करा ली गई हैं।
फिलहाल, गाजियाबाद से मंगाई गई पुरानी इटीएम मशीनों से काम चलाया जा रहा है। सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक आरके जौहरी ने बताया कि नई मशीनों की खेप नोएडा आ चुकी है, लेकिन सॉफ्टवेयर अपटेड न होने के कारण मशीनें डिपो नहीं भेजी गई हैं।
मुख्यालय का रहेगा हस्तक्षेप
पिछले साल दिसंबर में ही इटीएम की शुरुआत की गई थी। मुंबई की एक कंपनी से इन मशीनों को किराये पर लिया गया था।
मशीन की कीमत करीब साढ़े नौ हजार रुपये थी, जबकि किराया 325 रुपये प्रतिमाह दिया जा रहा था। अब पुराना करार रद्द कर नया करार मुख्यालय स्तर पर किया गया है।