‘क्रिकेट का भगवान कहे जाने वाले सचिन के साथ इंग्लैंड से भारत के टेस्ट मैच में ड्रेसिंग रूम शेयर करना मेरे लिए कोई सपना पूरा होने जैसा था जो मैंने बचपन से देखा था।
हालांकि, इस मैच में मैं खेल नहीं पाया था, लेकिन फिर भी मेरे जैसे खिलाड़ी के लिए यह बड़ी बात थी’ यह बात शुक्रवार देर शाम मुंबई में मौजूद ‘नोएडा एक्सप्रेस’ के नाम से प्रसिद्ध परविंदर अवाना ने अमर उजाला से खास बातचीत में कही।
इसके अलावा दिल्ली की ओर से रणजी मैच खेलते हुए परविंदर ने मुंबई टीम के पांच विकेट उखाड़े। परविंदर ने बताया कि मास्टर ब्लास्टर के साथ गुजारे कुछ पल उनकी जिंदगी के बेहद खास बन गए हैं।
सचिन जितने महान क्रिकेटर हैं उतने ही महान इंसान हैं। अपने बर्ताव में उन्होंने कभी नहीं लगने दिया कि वह कितने सीनियर खिलाड़ी हैं और किसी जूनियर से बात कर रहे हैं।
पहली ही मुलाकात में उनका स्वभाव बेहद दोस्ताना था। 2012 के आईपीएल में जब उनको गेंदबाजी की तो मुझे अंदाजा हुआ कि वह इतने महान क्रिकेटर क्यों हैं? उनको गेंदबाजी करके मुझे बेहद खुशी मिली थी।
हालांकि, इससे पहले एक बार नेट पर सचिन को बॉलिंग की थी, लेकिन उनसे बातचीत नहीं हो पाई थी। परविंदर ने बताया कि बचपन से ही उनको खेलते देख रहा हूं।
उनके सन्यास लेने के बाद टेस्ट मैच में सचिन को नहीं देखने पर अजीब सा लगेगा। दूसरी ओर, परविंदर ने शुक्रवार को दिल्ली से खेलते हुए रणजी मैच में मुंबई के पांच बल्लेबाजों को पवेलियन का रास्ता दिखाया है।
अवाना ने 27 ओवर में 72 रन देकर वसीम जाफर, सिद्धेश डी लाड, नरेश शाह, बलविंदर और जहीर खान को बाहर का रास्ता दिखाया।