फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी की चांदीः अब शाहजहांपुर के खेत ने उगला खजाना

Tue, 22 Oct 2013 11:39 AM IST
अमर उजाला, शाहजहांपुर
विज्ञापन
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश में इन दिनों खजाने का जोर है। उन्नाव का डौडियाखेड़ा तो इन दिनों चर्चा में है ही, यहां का बाजपुर गांव का एक खेत भी कुछ घंटों के लिए कौतूहल का केंद्र बन गया।
विज्ञापन


इस खेत में धातु के तीर निकले तो पहले चर्चा हुई कि सोने के तीर निकले हैं। बाद में झाड़-पौंछकर देखा गया तो माना गया कि ये तांबे या अष्टधातु के हैं। जुताई करने वाला युवक पांच तीर अपने घर ले गया, बाकी दस पड़ोस के गांव के लोग उठा ले गए।

यह खेत है शिवकुमार का, इसमें गांव के ही नीरज से उसने जुताई कराई थी। बैल में लगे हल से जुताई करते वक्त सुबह करीब 11 बजे अचानक कोई चीज टकराई तो उसने गौर से देखा। पता चला कि तीर है।
विज्ञापन


इनकी बनावट किसी पारंपरिक युद्ध में इस्तेमाल किए जाने वाले तीर की ही तरह है। एक तीर का वजन करीब छह सौ ग्राम है और लंबाई एक फीट।

तीर निकलने और फिर ऊपर से सोने के होने की अफवाह के चलते बाजपुर ही नहीं, आसपास के गांव के लोग भी वहां पहुंच गए। आलमपुर के लोग तो दस तीर उठा भी ले गए। बाद में नीरज पांच तीर अपने घर ले आया।

नीरज के घर पर भाई जमुना प्रसाद ने ये तीर संवाददाता को दिखाए। जमुना प्रसाद का कहना है कि ये तीर तांबे के मालूम हो रहे हैं, वैसे अष्टधातु के भी हो सकते हैं।

जमुना प्रसाद ने बताया कि इसी खेत में दस साल पहले भी इसी तरह की कुछ चीजें निकली थीं। इस तरह यह माना जा सकता है कि इस गांव का पुरातत्व महत्व है। फिलहाल प्रशासन तक सूचना नहीं पहुंची है।

हां सिंधौली थाने से दरोगा एके त्रिपाठी फोर्स के साथ जरूर पहुंचे और वह यह देखकर लौट आए कि तीर सोने के नहीं हैं। एसओ अश्वनी विश्वकर्मा का हालांकि कहना है कि उनकी जानकारी में यह मामला नहीं आया है।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें