महिलाओं, बेटियों को सीधा मिले योजनाआें का लाभ : विमला बाथम
मुजफ्फरनगर। राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष विमला बाथम ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकता है। महिलाओं और बच्चों के साथ होने वाले अपराधों को लेकर प्रत्येक जिले में मॉनिटरिंग की जा रही है।
जिला पंचायत सभागार में महिला जन सुनवाई एवं जागरूकता कार्यक्रम में विमला बाथम ने मिशन शक्ति फेज-4 का जिले में शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना कोविड में पात्र आठ बालिकाओं को लैपटॉप वितरित कियेे। कोविड-19 से प्रभावित महिला को स्वरोजगार के लिए सिलाई मशीन वितरित की। महिला कल्याण विभाग की पति की मृत्योपरांत निराश्रित महिला पेंशन योजना, दिव्यांगजन सशाक्तिकरण विभाग के द्वारा दिव्यांग पेंशन, जिला समाज कल्याण विभाग की वृद्धावस्था पेंशन एवं जिला अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की शादी अनुदान की स्वीकृति प्रमाण पत्र वितरित किये।
श्रम विभाग की संत रविदास शिक्षा सहायता योजना के अंतर्गत पात्र निर्माण श्रमिकों की पांच बालिकाओं को साइकिल वितरित की गई। पुत्री विवाह सहायता योजना, मातृत्व शिशु एवं बालिका आशीर्वाद योजना के स्वीकृति प्रमाण पत्र वितरित किये गये। बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के अंतर्गत घर की शान बेटियों के नाम पांच बालिकाओं को नेम प्लेट भेंट की गईं एवं दो महिला खिलाड़ियों एवं प्रशिक्षकों को सम्मनित किया। कौशल विकास मिशन योजना के अंतर्गत छात्राओं को स्मार्टफोन वितरित किये गये।
जिला प्रशासन की ओर से एसडीएम परमानंद झा एवं मौहम्मद मुशफेकीन द्वारा अभिनंदन पत्र भेंट कर सम्मानित किया गया। बाल कल्याण समिति के सदस्य डॉ. राजीव कुमार ने स्मृति चिन्ह भेंट किया गया। पुलिस अधीक्षक अपराध प्रशांत कुमार प्रसाद, क्षेत्राधिकारी हिमांशु, श्रम प्रवर्तन अधिकारी विप्लव दीक्षित, शाहिद आदि मौजूद रहे।
20 महिलाओं ने रखी अपनी पीड़ा
कलक्ट्रेट के लोकवाणी सभागार में महिला आयोग अध्यक्ष विमला बाथम ने जनसुनवाई में 20 महिलाओं की पीड़ा को सुना। सभी प्रकरणों के त्वरित निस्तारण के निर्देश दिए तथा प्रकरण में फालोअप लेते हुए निस्तारण आख्या से उन्हें अवगत कराने के निर्देश पुलिस अधिकारियों को दिये।
योजनाओं का लाभ सीधे मिले
अधिकारियों की समीक्षा बैठक में आयोग अध्यक्ष विमला बाथम ने अफसरों को स्पष्ट रूप से कहा कि बेटियों और महिलाओं के लिए जितनी भी योजनाएं है, इन योजनाओं को लाभ इन्हें सीधे मिलना चाहिए। उन्होंने महिलाओं एवं बालिकाओं के कल्याण के लिए चलायी जा रही विभिन्न योजनाओं की बिंदुवार गहन समीक्षा की। सभी योजनाओं में सभी पात्र व्यक्तियों को लाभान्वित करने के निर्देश दिये गये।
जन सुनवाई के दौरान तबियत बिगड़ी
कलक्ट्रेट सभागार में जनसुनवाई के दौरान आयोग अध्यक्ष की तबियत बिगड गई। पेट दर्द आदि की शिकायत के बाद वह सीधे गेस्ट हाउस गईं, जहां चिकित्सकों की टीम ने उनका उपचार किया। दो घंटे आराम करने के बाद वह जिला पंचायत के सभागार में पहुंचीं। तबियत खराब होने के बाद भी उन्होंने कार्यक्रम में भाग लिया।