करंट की चपेट में आकर ग्रामीण की मौत
मोरना। गांव मोरना में कुट्टी मशीन में करंट लगने से किसान की मौत हो गई। घर के मुखिया की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया। ग्रामीणों ने एसडीएम जानसठ से पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद दिलाए जाने की गुहार लगाई है।
मोरना-करहेड़ा मार्ग रविदास मंदिर के पीछे दक्षिणी मोहल्ला निवासी 55 वर्षीय सोमपाल पुत्र रामसिंह रविवार की सुबह 5 बजे पशुओं के लिए चारा काटने लगा। जैसे ही उसने विद्युत मोटर के स्विच को दबाया, जिससे सोमपाल को तुरंत जबरदस्त करंट लगा। करंट लगने से वह जमीन पर गिरा। परिजन आनन-फानन में मोरना में प्राइवेट चिकित्सकों के यहां उपचार कराने को लेकर पहुंचे, तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। मौत की खबर मिलने पर पत्नी रविता, 24 वर्षीय बेटी सोनी, 20 वर्षीय चरित्र, 15 वर्षीय खुशी और मृतक के भाई संजु और जलसिंह रोने बिलखने लगे। ग्रामीण पंकज माहेश्वरी, संजय रवि प्रमुख, डा. एसपी भार्गव, डा. बलराम, संजू चौधरी, जगत सिंह, मन्नवर जैदी, नसीम, हवा सिंह, बाबा सतबीर सिंह, प्रधान शहजाद, रियासत प्रधान, शरीफ सरिए वाले आदि ने एसडीएम जानसठ से पीड़ित परिवार को आर्थिक मदद दिलाए जाने की मांग की है।
दो माह में तीन लोगों की मौत
मोरना में कुट्टी मशीन के विद्युत मोटर के करंट लगने से तीन लोग भागमल पुत्र हरकेश, सौराज पुत्र समय सिंह और सोमपाल पुत्र रामसिंह की मौत से परिवार और ग्रामीणों के बीच सवाल बनकर खड़ा हो गया है। आखिर इस तरह से क्यों ग्रामीणों की मौत हो रही हैं। लोगों ने बताया कि अब कंपनी कुट्टी मशीनों पर विद्युत मोटर लगाकर दे रही है, जिससे मोटर में करंट आते ही कुट्टी मशीन में करंट फैल जाता है, जिससे पशुओं के लिए कुटटी काटने वाले व्यक्ति की मौत हो जाती है। युवा संदीप, रवि, संजय, दीपक, संजीव, नवीन, रोहित, बंटी, कुणाल, चंकी, विरेश आदि ने लोगों को कुटटी मशीन से विद्युत मोटर को अलग रखने का आह्वान किया है, ताकि असमय मौतों से आम जीवन को बचाया जा सके।