सड़क दुर्घटनाओं में चाचा-भतीजे सहित तीन की मौत
मुजफ्फरनगर। जनपद में लगातार दूसरे दिन हुए सड़क हादसों में जिला बिजनौर निवासी चाचा-भतीजे सहित तीन लोगों की जान चली गई। वहीं, महिलाओं समेत कई लोग घायल हो गए। इनमें से कई की हालत गंभीर बनी हुई है। तीनों की मौत से परिवार के सदस्यों पर गम का पहाड़ टूट पड़ा।
भोपा में जनपद बिजनौर के थाना शिवाला कलां क्षेत्र के गांव रतनगढ़ निवासी शनि सिंह (20) की मौसी गुड्डों का करीब एक माह पूर्व निधन हो गया था। सोमवार को शनि सिंह अपने भतीजे विक्की (25) के साथ मौसी का दीपदान करने के लिए बाइक से शुकतीर्थ आ रहा था। बाइक को भतीजा विक्की चला रहा था। जैसे ही चाचा-भतीजे शुकतीर्थ बिजलीघर के पास पहुंचे, अचानक सड़क पर आए किसी पशु को बचाने के प्रयास में विक्की बाइक से नियंत्रण खो बैठा और तेज रफ्तार बाइक सड़क किनारे खड़े बिजली के खंभे से टकरा गई। हादसे में चाचा-भतीजा गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें सूचना पर पहुंची पुलिस ने भोपा सीएचसी पर पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने विक्की को मृत घोषित करते हुए शनि सिंह को गंभीर हालत में जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। उधर, सूचना पर दोनों के परिजन भी बिजनौर से भोपा सीएचसी पहुंच गए और बेहतर उपचार की मांग को लेकर हंगामा कर दिया। इसके बावजूद सीएचसी से शनि सिंह को जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया, जहां उपचार के दौरान उसने भी दम तोड़ दिया। परिजनों के अनुसार, शनि सिंह पांच बहनों का इकलौता भाई थी, जिसकी मौत से परिजनों में कोहराम मच गया है।
सिखेड़ा में थाना क्षेत्र के जौली रोड स्थित त्रिवेणी इंजीनियरिंग की स्टाफ बस रविवार देर रात शिफ्ट खत्म होने के बाद कर्मचारियों को छोड़ने मुजफ्फरनगर जा रही थी। जैसे ही यह बस चौकी के पास पहुंची, बस चालक सड़क किनारे खड़ी ट्रैक्टर-ट्रॉली को नहीं देख पाया और तेज रफ्तार स्टाफ बस ट्रैक्टर-ट्रॉली में जा घुसी। हादसे में स्टाफ बस में सवार त्रिवेणी इंजीनियरिंग के कर्मचारी गांव अलमासपुर निवासी रवि, वेदपाल सैनी, सूरजमल, सुरेंद्र, आशु, अभिषेक, अमित और रमेश उर्फ बबलू सभी निवासी गांव अलमासपुर घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने सभी घायलों को जिला अस्पताल भेजा, जहां उपचार के दौरान रमेश उर्फ बबलू की मौत हो गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मोर्चरी भेज दिया है।
मंसूरपुर: मेरठ जनपद के दौराला थाना क्षेत्र के गांव वलीदपुर निवासी छोटेलाल की रिश्तेदारी गांव जड़ौदा में है। कुछ दिन पूर्व रिश्तेदार की मौत हो गई थी, जिसकी सोमवार को रस्म तेरहवीं थी। इसमें हिस्सा लेने के लिए छोटेलाल व उसके परिजन एक टेंपो में सवार होकर गांव जड़ौदा आए थे। दोपहर बाद रस्म तेरहवीं में भाग लेने के बाद सभी लोग टेंपो से गांव वलीदपुर लौट रहे थे। जैसे ही टेंपो गांव जड़ौदा से निकलकर दिल्ली-दून हाईवे पर जड़ौदा चौराहा पार करने लगा, एक तेज रफ्तार बोलेरो ने टेंपो में टक्कर मार दी। हादसे में टेंपो बीच सड़क पर पलट गया, जिससे उसमें सवार महिलाएं व पुरुष गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद जड़ौदा चौराहे पर घायलों की चीख-पुकार मच गई, जिन्हें राहगीरों ने पलटे टेंपो से बाहर निकाला। सूचना पर पहुंची पुलिस ने सभी को एंबुलेंस से जिला अस्पताल ले जाकर भर्ती कराया। घायलों में गांव वलीदपुर निवासी जगत सिंह, रेखा, माया, पिंकी, बाबूराम, रीता, अनीता और अर्चना शामिल हैं, जिन्हें सभी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।