गांव जसौला में ट्रांसफार्मर का इंसुलेटर फटने से जहां किसान के मकान में आग में लगने से करीब 20 लाख रुपये का नुकसान हो गया, वहीं कई ग्रामीणों के विद्युत उपकरण फुंक गए। करंट लगने से एक युवती समेत चार झुलस गए। कई लोगों ने भाग कर अपनी जान बचाई। फायर ब्रिगेड की गाड़ी के पहुंचने से पूर्व ही ग्रामीणों ने बमुश्किल आग पर काबू पाया।
जसौला गांव निवासी शाकेब खान पुत्र इकबाल के मकान के पास ही विद्युत ट्रांसफार्मर रखा हुआ है। रविवार की दोपहर करीब 12 बजे ट्रांसफार्मर का इंसुलेटर फट गया। फाल्ट के साथ ही ट्रांसफार्मर में आग भी लग गई। इससे शाकेब के बिजली के केबिल में भी फाल्ट हो गया, जिससे उसके मकान में आग लग गई।
परिवार के लोगों ने शोर मचाते हुए बाहर की ओर भागे। मगर, तालिब और शादाब करंट लगने से झुलस गए। देखते ही देखते मकान में भयंकर आग लग गई। आग लगने और ग्रामीणों के घरों में करंट दौड़ने से ग्रामीणों में अफरातफरी मच गई। सूचना पुलिस और फायर ब्रिगेड को दी। मगर, जब तक फायर बिग्रेड गांव पहुंचती, ग्रामीणों ने मिट्टी और पानी डालकर आग पर काबू पा लिया था। साथ ही बिजलीघर को सूचना देकर विद्युत आपूर्ति को बंद कराया।
इस हादसे में शाकेब के मकान में सात लाख रुपये की नगदी, सोने और चांदी के जेवरात के अलावा टीवी, फ्रिज, कूलर समेत 20 लाख रुपये का सामान जल गया। पड़ोसी गुड्डू के मकान में भी फाल्ट होने से फ्रिज, इनवर्टर, पंखे समेत बिजली के उपकरण फुंक गए। ग्रामीण आशु की पुत्री नगमा भी करंट लगने से झुलस गई। गांव का बदर खां पुत्र मंजूर खां अपने मकान में बाथरूम में नहा रहा था। वह भी करंट लगने से बेहोश गया। जबकि कई लोगों ने घर से बाहर निकल कर जान बचाई। करंट से झुलसे लोगों का ग्रामीणों ने गांव के प्राइवेट चिकित्सक से उपचार कराया।
गांव में कई घंटे मची रही अफरातफरी
शाकेब के मकान में भयंकर आग लगी देखकर ग्रामीणों में अफरातफरी मच गई। हर कोई आग बुझाने को उसके मकान की ओर दौड़ पड़ा। कई घंटे गांव में अफरातफरी का माहौल रहा। ग्रामीणों का आरोप है कि कई दिन से विद्युत ट्रांसफार्मर कभी कम तो कभी ज्यादा आपूर्ति दे रहा था। इसकी शिकायत विद्युत निगम अधिकारियों से भी की गई थी। इसके बावजूद अधिकारियों ने गांव में आकर नहीं देखा। ग्रामीणों ने ऊर्जा निगम के खिलाफ भारी रोष व्याप्त है।
बदर खां और नगमा के परिवारीजनों के उड़े होश
करंट लगने से बेहोश हुए बदर खां की रविवार की शाम को ही थाना मवाना के गांव सठला में बारात जानी थी। उसे बेहोशी की हालत में देखकर परिजनों के भी होश उड़ गए थे। उसे तुरंत चिकित्सक के यहां ले जाया गया। उपचार के बाद उसे होश आने और तबियत ठीक होने पर ही परिवारीजनों ने राहत की सांस ली। दोपहर बाद उसकी बारात गांव से सठला के लिए रवाना हुई। उधर, करंट लगने से झुलसी आशु की पुत्री नगमा का भी सात मार्च को निकाह है। करंट लगने से उसका एक हाथ झुलस गया। चिंतित परिजनों ने नगमा का गांव के चिकित्सक से उपचार कराना शुरू कर दिया है।