फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Muzaffarnagar News: मुजफ्फरनगर - जेल से रची गई थी अम्मार की हत्या की साजिश

Sat, 28 Oct 2023 12:57 AM IST
मेरठ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर
विज्ञापन
विज्ञापन
- वारदात के वक्त तीन आरोपी जेल में थे बंद, हाेती थी मोबाइल फोन पर बात
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो

मुजफ्फरनगर। सीकरी गांव के पूर्व प्रधान अम्मार की हत्या की साजिश तीन अलग-अलग जेलों से रची गई थी। वारदात के वक्त तीन आरोपी जेल में बंद थे। पुलिस जांच में सामने आया कि हमलावरों और जेल में बंद आरोपियों की लगातार मोबाइल पर बात हो रही थी। यही सजा का आधार भी बना।

भोपा क्षेत्र के सीकरी गांव में गुलसन्नवर की पत्नी हसरूबा और पूर्व प्रधान अम्मार की पत्नी शगुफ्ता ने वार्ड 43 से जिला पंचायत सदस्य पद का चुनाव लड़ा था। मतदान के दिन दोनों पक्षों के लोगों के बीच तनाव बन गया। इसके बाद पूर्व प्रधान अम्मार पक्ष के खालिद उर्फ भूरा पर जानलेवा हमला किया गया। इसके बाद तस्लीम की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। तस्लीम की हत्या की पैरवी पूर्व प्रधान अम्मार कर रहे थे। यही नहीं वह सीकरी से शहर में आकर रहने लगे थे।
विज्ञापन

वारदात के समय आरोपी जमशेद मिर्जापुर, गुल सन्नवर फिरोजाबाद और नौशाद मुजफ्फरनगर जेल में बंद थे। पुलिस जांच में सामने आया था कि अन्य मामलों में जेल मेंं बंद आरोपियों की लगातार हमलावरों से बात हुई है। पुलिस ने इसी आधार पर आरोप पत्र दाखिल किया। लेकिन साक्ष्यों के अभाव में सगे भाई गुलसन्नवर और नौशाद को दोषमुक्त करार दिया गया है। सहायक शासकीय अधिवक्ता आशीष त्यागी ने बताया कि दोषी जमशेद पर 44 मुकदमे दर्ज हैं। भोपा थाने में उनका गैंग डी-51 के नाम से पंजीकृत है।
विज्ञापन


जानलेवा हमले के मामले में तीन भाइयों को दस-दस साल की सजा

मुजफ्फरनगर। जिला पंचायत चुनाव की रंजिश में सीकरी गांव के भूरा पर हुए जानलेवा हमले में तीन सगे भाइयों को 10-10 साल कैद की सजा सुनाई गई है। सहायक शासकीय अधिवक्ता आशीष त्यागी ने बताया कि 16 अक्तूबर 2015 को सीकरी में भूरा पर जानलेवा हमला हुआ था। सगे भाई जमशेद, गुल सन्नवर और नौशाद के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ। भूरा पर जानलेवा हमले और पूर्व प्रधान अम्मार की हत्या की पत्रावलियों पर एक साथ सुनवाई हुई। शुक्रवार को अपर सत्र न्यायालय कोर्ट संख्या-एक के पीठासीन अधिकारी जय सिंह पुंडीर ने भूरा पर हमले के मामले में तीनों भाइयों को 10-10 साल कारावास की सजा सुनाई है। ब्यूरो
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें