खतौली में भाकियू भानू कार्यकर्ताओं की बैठक में वक्ताओं ने घासीपुरा में निर्दोष मासूमों के कत्ल पर गुस्से का इजहार करते हुए कहा कि भाकियू, रालोद व भाजपा के द्वारा प्रशासन से समझौता करने के बाद भी सस्पेंड पुलिसकर्मी थाने में ड्यूटी पर मिले। यह समझौता जनता के साथ धोखा है। कार्यकर्ताओं ने इसके लिए आंदोलन चलाने की चेतावनी दी है।
गांव भैंसी में हुई बैठक में प्रवक्ता प्रमोद कुमार ने कहा कि समझौता होने पर भी सस्पेंड पुलिसकर्मी थाने में काम कर रहे हैं। हमारा संगठन अब चुपचाप बैठने वाला नहीं है। इसके लिए संगठन को चाहे किसी भी तरह का आंदोलन क्यों न करना पड़े। वे आंदोलन करने को तैयार है। जिला उपाध्यक्ष नकुल अहलावत ने कहा कि चार अक्तूबर को राष्ट्रीय अध्यक्ष भानू प्रताप के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल लखनऊ में मुलायम सिंह यादव से मिला था और घासीपुरा कांड की जांच सीबीआई से कराने की मांग की थी।
मुलायम सिंह ने आश्वस्त किया था कि आरोपियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। इसके बावजूद सस्पेंड पुलिसकर्मी थाना मंसूरपुर में काम कर रहे हैं। जिसको लेकर कार्यकर्ताओं में भारी आक्रोश व्याप्त है। वक्ताओं ने कहा कि इस तरह के काम से सूबे की सपा सरकार की छवि भी खराब हो रही है। इससे लोगों को बचना चाहिए। इसके लिए आंदोलन चलाया जाएगा। बैठक में पंकज ग्रेड, सगीर त्यागी, योगेंद्र राठी, वेदपाल, अजयपाल, देवेंद्र, ऋषिपाल, कंवरपाल, देवेंद्र प्रधान, विरेंद्र, बालेंद्र, भोपाल, धर्मपाल, नीरज, ओमप्रकाश, मदनपाल, राजपाल, नेपाल, संजीव कुमार, चांदवीर आदि कार्यकर्ता उपस्थित रहे।