पुलिस का नहीं था खौफ
पीडितों का कहना है कि बदमाश तमंचे, छुरी व डंडे हुए लिए थे। घटना के समय हाईवे पर पुलिस की गाड़ी भी घूम रही थी, लेकिन बदमाशों को पुलिस का खौफ नही था। उन्होंने बेखौफ होकर लूट की घटना को अंजाम दिया।
एक साथ दो-दो को बांधा था
विपिन ने बताया कि उनके पास तीन सौ भेड़-बकरी थीं, जिन्हें पिछले तीन माह से वह गंगा बैराज के पास चरा रहे थे। अब होली पर्व पर अपने घर जाते समय यहां रात बिताने के लिए रुक गए थे। रात में वह, मांगा, शंभू मामा, मदन व राजपाल भेड़-बकरी के पास प्लाट में सो रहे थे। बदमाशों ने दो-दो को एक साथ डाला हुआ था और उनके ऊपर रजाई डाली थी। मुंह बाहर निकालते ही उनके साथ मारपीट की जाती थी।
बंधक मुक्त होकर पकड़ा बदमाश को
चार बदमाश भेड़-बकरी मिनी ट्रक में भरकर फरार हो गए थे। दो बदमाश उनके पास रह गए थे। विपिन व बलबीर ने इस दौरान किसी तरह एक-दूसरे के हाथ खोले थे। इस दौरान एक बदमाश को छुरी सहित पकड़ लिया, दूसरा बदमाश भाग गया था।