मुजफ्फरनगर के कवाल कांड के बाद 31 अगस्त 2013 को नंगला मंदौड़ में हुई पंचायत में भड़काऊ भाषण देने के आरोपी केंद्रीय कृषि राज्यमंत्री डॉ. संजीव बालियान और थानाभवन के भाजपा विधायक सुरेश राणा ने शुक्रवार को कोर्ट में सरेंडर किया। एसीजेएम द्वितीय सीताराम की कोर्ट में मंत्री और विधायक समेत सात आरोपियों ने 20-20 हजार रुपये के निजी मुचलके और जमानत दाखिल कराई। कोर्ट ने इस मामले में आगामी 23 जनवरी की तारीख नियत की है।
जानसठ कोतवाली के कवाल में 27 अगस्त 2013 को तिहरे हत्याकांड के बाद नंगला मंदौड़ में पंचायत हुई थी, जिसमें शामिल होने और भड़काऊ भाषण देने पर सिखेड़ा पुलिस ने डॉ संजीव बालियान और सुरेश राणा आदि के खिलाफ मामला दर्ज किया था। पुलिस की चार्जशीट के बाद यह मामला एसीजेएम द्वितीय सीताराम की कोर्ट में ट्रायल पर है।
न्यायालय में पेश नहीं होने पर अदालत ने डॉ संजीव बालियान और सुरेश राणा आदि के खिलाफ तीन बार जमानती वारंट जारी किए थे। इस मामले में 18 दिसंबर की तारीख लगी थी। शुक्रवार दुपहर 12.30 बजे केंद्रीय कृषि राज्यमंत्री डॉ संजीव बालियान, विधायक सुरेश राणा के अलावा भाजपा नेता उमेश मलिक, पूर्व प्रमुख वीरेंद्र सिंह, भैंसी के पूर्व प्रधान जयप्रकाश शास्त्री, मंसूरपुर गन्ना समिति के पूर्व चेयरमैन श्यामपाल सिंह और राजेश्वर आर्य ने एसीजेएम द्वितीय की कोर्ट में सरेंडर किया। अधिवक्ता चंद्रवीर सिंह और गौरव चौधरी आदि ने कोर्ट में जमानत एवं 20-20 हजार रुपये के निजी मुचलके दाखिल कराए। अदालत की कार्रवाई होने के उपरांत आरोपियों को जाने दिया गया। कोर्ट ने इस मुकदमे में अब 23 जनवरी की तारीख लगाई है।
क्या हुआ था उस दिन
मुजफ्फरनगर। जनपद में दो साल पहले 27 अगस्त 2013 को कवाल कांड हुआ था, जिसमें कवाल के शाहनवाज और मलिकपुरा के ममेरे भाइयों गौरव एवं सचिन की हत्या हुई थी। कवाल कांड को लेकर 30 अगस्त को मुस्लिमों ने खालापार में जुमे की नमाज के बाद तत्कालीन डीएम कौशलराज शर्मा और एसएसपी सुभाष दुबे को ज्ञापन दिया था। इसकी प्रतिक्रिया में हिंदू संगठनों ने 31 अगस्त को नंगला मंदौड़ में प्रशासन की पाबंदी के बावजूद पंचायत की थी।
कवाल प्रकरण गरमाने लगा। इसके बाद सात सितंबर को फिर से नंगला मंदौड़ में पंचायत हुई। इस पंचायत से लौटते हुए लोगों पर कातिलाना हमले हुए। शाम होते-होते जिले में दंगा भड़क गया था। सिखेड़ा पुलिस ने दोनों पंचायतों के संबंध में तीन मुकदमे दर्ज किए थे, जिनमें मंत्री डॉ संजीव बालियान, बिजनौर सांसद कुंवर भारतेंद्र सिंह, भाजपा विधायक सुरेश राणा, संगीत सोम, साध्वी प्राची समेत 18 लोगों के नाम हैं। तीनों ही मुकदमे एसीजेएम द्वितीय सीताराम की कोर्ट में चल रहे हैं। सांसद कुंवर भारतेंद्र सिंह गत माह कोर्ट में पेश हो गए थे। बाकी के खिलाफ जमानती वारंट थे।
संगीत सोम, साध्वी प्राची के खिलाफ वारंट
मुजफ्फरनगर। नंगला मंदौड़ की पंचायत के मामले में शुक्रवार को ही सरधना के भाजपा विधायक संगीत सोम, विहिप नेत्री साध्वी प्राची आदि को भी कोर्ट में पेश होना था, मगर ये पेश नहीं हुए। जिस पर कोर्ट ने इनके खिलाफ फिर से जमानती वारंट जारी करते हुए 23 जनवरी को पेश होने के आदेश दिए हैं। उक्त दोनों के खिलाफ पहले जमानती वारंट जारी हो चुके हैं।