राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ ने विजयदशमी पर नगर में पथ संचलन किया। बड़ी संख्या में स्वयं सेवकों ने पूर्ण गणवेश में भाग लिया। नगर में इस दौरान जाम की स्थिति रही और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
जिलेभर के स्वयं सेवक एसडी इंटर कॉलेज में एकत्र हुए। दशकों पुराने गणवेश में परिवर्तन करते हुए नया गणवेश भी विधिवत रूप से लागू किया गया, जिसमें नेकर की जगह फुल पैंट ने ली। ध्वजारोहण के बाद विद्या भारती के प्रांत संगठन मंत्री तपन ने कहा कि संघ राष्ट्र का पूर्ण रुपेण विकास चाहता है। समाज के हर क्षेत्र में संघ का कार्य उसके कार्यकर्ताओं के जीवन चरित्र से पहुंचा है।
संघ का कार्यकर्ता कथनी में नहीं करनी में यकीन रखता है। देश में आज तीन विचारों के बीच संघर्ष चल रहा है। पहला जो मार्क्सवाद से प्रेरित है, दूसरा लार्ड मैकाले से प्रेरित है और तीसरा विचार संघ को मानता है। संघ मानता है कि भारत पुरातन राष्ट्र है। राष्ट्र और राज्य के अंतर को समझना होगा। राष्ट्र एक साझा संस्कृति का द्योतक है। जिला कार्यवाह सेवादास ने अतिथियों का परिचय कराया। इसके बाद पथ संचलन प्रारंभ हुआ।
ध्वजवाहिनी और संघ का घोष मुख्य आकर्षण थे। पथ संचलन नगर के मुख्य मार्गों कचहरी रोड, झांसी की रानी, शिवचौक, चंद्रा सिनेमा चौराहा, अहिल्याबाई चौक, घासमंडी, अंसारी रोड, मालवीय चौक, रेलवे रोड होते हुए एसडी इंटर पर ही सम्पन्न हुआ। पथ संचलन के दौरान शहर में चौतरफा जाम की स्थिति रही। आम आदमी को समस्याओं का सामना करना पड़ा। कार्यक्रम में प्रमोद कुमार, सुरेंद्र सिंह, जयपाल सिंह, बृजेश कुमार, रविंद्र गौड़, कर्मवीर सिंह, अनुज कुमार, विकास कुमार, आलोक, संजय कुमार, नितिन कुमार, कुलदीप, संजय लखान का सहयोग रहा।