नगर पालिका परिषद में हड़ताली कर्मचारियों और ईओ के बीच बुधवार को भी समझौता वार्ता नहीं हो सकी। ईओ सफाई कर्मचारी संघ के नेताओं का इंतजार कर खतौली चले गए। संघ नेताओं ने ईओ पर वार्ता में भाग नहीं लेने का आरोप लगाया। इस बीच कर्मचारियों की हड़ताल जारी रही और पालिका प्रांगण में उन्होंने विरोध प्रदर्शन किया।
21 सूत्री मांगों को लेकर सफाई कर्मचारी संघ के आह्वान पर शहर के 50 वार्डों के सभी सफाई कर्मचारी कामबंद हड़ताल पर हैं। बुधवार को हड़ताल को नौ दिन पूरे हो चुके हैं। संघ नेताओं ने पालिका प्रशासन पर बोनस, संविदा कर्मियों का एरियर और ठेका कर्मियों का पांच माह से बकाया चला आ रहा वेतन जारी करने के साथ ही उपकरण उपलब्ध कराने की मांग कर रखी है।
गत दिवस शहर में सफाई अभियान के लिए जनता को प्रेरित करने के उद्देश्य से कांग्रेस नेताओं ओर सभासदों ने महावीर चौक से अभियान शुरू करने का प्रयास किया, लेकिन कर्मचारी संघ के नेताओं ने पहुंचकर हंगामा खड़ा कर दिया।
यहां ईओ विकास सैन के सामने सभासदों और संघ नेताओं में सहमति बनी कि बुधवार को प्रात: 11 बजे कांग्रेस नेताओं, सभासदों, ईओ और चेयरमैन के द्वारा संघ नेताओं से वार्ता कर हड़ताल का समाधान कराया जाएगा। संघ नेता राजू वैद, मदनलाल और अन्य सफाई कर्मचारी वार्ता के लिए पालिका परिसर पहुंचे, लेकिन उनको बताया गया कि यहां पर कोई वार्ता का प्रबंध नहीं किया गया।
ईओ विकास सैन से संपर्क किया गया तो उनके द्वारा बताया गया कि वो किसी जरूरी कार्य से खतौली पालिका आ गए हैं। वार्ता बुलाने वाले सभासद भी नजर नहीं आए और न ही कांग्रेस नेता ही पहुंचे। इससे संघ नेताओं में रोष फैल गया, उन्होंने संघ कार्यालय पर कर्मचारियों की मीटिंग बुलाकर इसकी जानकारी दी और आंदोलन को उग्र बनाने की रणनीति पर विचार किया।
मदनलाल ने कहा कि वार्ता बुलाने के बाद पालिका प्रशासन पीछा हट गया, ये सफाई कर्मचारियों को अपमानित करने का कार्य है। नौ दिन की हड़ताल के बाद भी कर्मचारियों के हितों को लेकर कोई कदम नहीं बढ़ाया गया है। पालिका प्रशासन नकारात्मक रवैया अख्तियार कर रहा है।
आंदोलन तभी खत्म होगा, जबकि पालिका प्रशासन मांगों को पूर्ण करने का काम करेगा। उधर, ईओ विकास सैन का कहना है कि 11 बजे का वार्ता का समय था पौने बारह बजे तक इंतजार के बाद संघ नेताओं से फोन पर वार्ता के बाद ही वह खतौली गए। जल्द ही वार्ता कर समस्या का समाधान निकाला जाएगा।