बार संघ के महासचिव चंद्रवीर निर्वाल एडवोकेट के नेतृत्व में, युवा अधिवक्ताओं ने रुड़की रोड और शहर के अन्य प्रमुख बाजारों में पहुंचकर व्यापारियों से भी इस मांग का समर्थन करने का आग्रह किया। व्यापारियों ने भी अधिवक्ताओं की मांग के प्रति सहानुभूति व्यक्त की और अपना समर्थन देने का आश्वासन दिया।
अधिवक्ताओं की मांग और तर्क
अधिवक्ताओं का कहना है कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के दूर-दराज के क्षेत्रों से इलाहाबाद हाईकोर्ट तक की यात्रा अत्यंत कठिन और समय लेने वाली है। इससे न केवल मुकदमों के निपटारे में देरी होती है, बल्कि आम जनता को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
एक स्थायी हाईकोर्ट बेंच की स्थापना से न्यायिक प्रक्रिया सुगम होगी, न्याय तक पहुंच आसान होगी और क्षेत्र के समग्र विकास को भी गति मिलेगी। अधिवक्ताओं का यह भी तर्क है कि इस क्षेत्र की जनसंख्या और न्यायिक मामलों की संख्या को देखते हुए, एक अलग बेंच की स्थापना न्यायसंगत है।