खतौली पुलिस और एसओजी टीम की ओर से पकड़ी गई डेढ़ करोड़ की एनसीइआरटी की नकली किताबों के मामले में आठ आरोपियों की जमानत अर्जी निरस्त कर दी गई। जिला जज संतोष राय ने सुनवाई की।
दो जून को पुलिस ने प्रकरण का खुलासा किया था। भैंसी गांव में विनोद के घर बनाए गए गोदाम से नकली किताबें व अन्य सामान पकड़ा गया था। हरियाणा के पानीपत जिले के गांव समालखा में प्रिटिंग मशीन लगाई थी, किताबों को यहां रखा था। यहां से आसपास के जनपदों व विभिन्न राज्यों में किताबों को बेचते थे।
बरामद किताबें कक्षा नौ से 12 तक की है। पानीपत के गांव समालखा में लगाई दो प्रिंटिंग मशीन पुलिस ने बरामद कर उन्हें सील कर दिया था। गिरोह के खिलाफ खतौली कोतवाली में कॉपीराइट एक्ट का मुकदमा दर्ज है। बचाव पक्ष की ओर से आठ अरोपियों की जमानत अर्जी कोर्ट में दाखिल की गई। सेशन न्यायालय ने सुनवाई करते आरोपियों की जमानत अर्जी को निरस्त कर दिया है।
इनकी जमानत अर्जी हुई निरस्त
- आदिल मेवाती, श्यामनगर, लिसाड़ी गेट मेरठ,
- अनिल चौहान, सुंदरनगर डिफेंस एंकलेव, कंकरखेड़ा
- राहुल राणा, माधवपुरम, ब्रहमपुरी
- राजू शर्मा, मोहकमपुर दिल्ली रोड, परतापुर
- ताराचन्द, निवासी मोहकमपुर दिल्ली रोड, परतापुर
- सतेंद्र सिंघल, नौचंदी ग्राउण्ड, थाना नौचंदी
- जावेद, गोला कुआं थाना कोतवाली नगर, मेरठ
- अमित सैनी, इंद्रानगर फर्ट मोहल्ला, थाना ब्रहमपुरी