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जिला कारागार में दूसरे दिन भी बंदी की मौत

Sun, 01 May 2016 12:31 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
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मुजफ्फरनगर। जिला कारागार में एक और बंदी की ब्रेन हेमरेज से मौत हो गई, वहीं एक बंदी को बीमारी के चलते जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।  पुलिस ने उसे किशोरी को अपहरण कर ले जाने के मामले में बृहस्पतिवार को गिरफ्तार किया था। डीआईजी ने कारागार पहुंचकर मामले की जानकारी ली।
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जेल में पिछले दो दिनों से बंदियों की मौत का सिलसिला जारी है। शनिवार सुबह बंदी मित्तर सिंह उर्फ मित्रपाल (30) पुत्र हरिसिंह निवासी सालवन जिला करनाल हरियाणा बैरक नंबर-14ए में बैठा था। सुबह करीब साढ़े छह बजे अचानक बेहोश होकर आगे की ओर गिर पड़ा। बैरक में मौजूद बंदियों ने बंदीरक्षकों को सूचना दी। सूचना पर जेल अधीक्षक राकेश सिंह और चिकित्सक डॉ चंद्रगुप्त बैरक में पहुंचे और मित्तर सिंह की खराब हालत देखकर उसे जिला एंबुलेंस से चिकित्सालय भिजवाया। अस्पताल में उपचार के दौरान करीब सात बजे उसने दम तोड़ दिया।

इसी बीच एक और सजायाफ्ता कैदी 80 वर्षीय शामली निवासी श्यामू उर्फ श्याम सिंह की तबियत खराब हो जाने से जेल में हड़कंप मच गया। उसे भी तुरंत जिला चिकित्सालय भिजवाया गया। उसकी हालत जेल में स्थिर बनी हुई है। 
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नई मंडी पुलिस ने मृतक मित्तर सिंह उर्फ मित्रपाल के शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। शुक्रवार को भी कारागार में मेरठ निवासी बंदी गोपाल की मौत हो गई थी। कारागार में अस्पताल का स्टाफ भी अचानक हुई मौतों से परेशान है। डीआईजी कारागार वीके शेखर ने जेल पहुंचकर जेल अधीक्षक से मामले की जानकारी ली। अस्पताल के स्टाफ को बुलवाकर जरूरी दिशा निर्देश दिए।

अपहरण कर ले गया था राजस्थान
चरथावल/मुजफ्फरनगर। जेल में ब्रेन हेमरेज से मरने वाला युवक हरियाणा के सालवन गांव का रहने वाला था। उसे अपने ही रिश्तेदार की बेटी के अपहरण के मामले में पुलिस ने शुक्रवार को गिरफ्तार किया था। शनिवार दोपहर पुलिस सुरक्षा के बीच लड़की के कोर्ट में 164 के बयान दर्ज कराए गए।

 दो साल पूर्व मित्रपाल के भतीजे की सालवन में बारात आई थी। शादी के बाद आने-जाने के दौरान मित्रपाल लड़की के संपर्क में आ गया। रिश्ते में वह लड़की का मौसा लगता था। रिश्ते की परवाह किए बगैर वह 12 अप्रैल को किशोरी को लेकर फरार हो गया। परिजनों ने आरोपी के खिलाफ चरथावल थाने में अपहरण का मुकदमा दर्ज करा दिया। वह लड़की को लेकर राजस्थान पहुंच गया। बृहस्पतिवार रात पुलिस ने पीछा करते हुए उसे राजस्थान से गिरफ्तार कर लड़की को बरामद कर लिया।

दोनों को थाने लाया गया। यहां लड़की के बयान पर पुलिस ने अपहरण के मुकदमे में दुष्कर्म की धारा भी बढ़ा दी। शुक्रवार को ही आरोपी को जेल भेज दिया गया। शनिवार को लड़की के कोर्ट में बयान कराने की तैयारी हो रही थी। तभी खबर आई कि मित्रपाल को जेल में ब्रेन हैमरेज हो गया है। लड़की के बयानों के बाद से वह तनाव में था। शनिवार सुबह बैरक में बैठे रहने के दौरान वह आगे की ओर गिरा। जिला अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। 

पंचनामे के लिए घूमती रही पुलिस
जिला कारागार में शनिवार सुबह हुई बंदी मित्तर सिंह उर्फ मित्रपाल की मौत के बाद पुलिस को उसके शव का पंचनामा भरने के लिए घंटों इंतजार करना पड़ा। सुबह करीब सात बजे बंदी मित्तर सिंह उर्फ मित्रपाल की जिला चिकित्सालय में उपचार के दौरान मौत हो गई। सूचना पर नई मंडी पुलिस कारागार पहुंची।

पंचनामा भरने के लिए उसके परिजनों से बात करनी चाही तो सभी के फोन बंद मिले। कई घंटे इंतजार करने के बाद परिजनों से फोन पर पुलिस की बात हुई, उनके आने के बाद ही शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया गया। वहीं, कारागार में अचानक बीमार होकर मौत का ग्रास बने मित्तर सिंह उर्फ मित्रपाल शुक्रवार शाम को ही जिला कारागार में आया था। उसके खिलाफ चरथावल थाने में नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले जाने का मुकदमा दर्ज था। एक रात कारागार में रहने के बाद अगले दिन शनिवार को उसकी मौत हो गई।
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